मुंबई , अक्टूबर 24 -- महाराष्ट्र में ओबीसी नेता नवनाथ वाघमारे ने शनिवार को मराठा आरक्षण कार्यकर्ता मनोज जरांगे पाटिल और राज्य के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के बीच 500 करोड़ रुपये के लेन-देन की ईडी और नार्को जांच कराने की मांग की है।

श्री वाघमारे ने श्री शिंदे पर तीखा हमला करते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने एक ऐसे आंदोलन का समर्थन किया, जो अब उन्हीं के खिलाफ हो गया है। उन्होंने श्री शिंदे पर तंज कसते हुए कहा, "जिस जहरीले सांप को दूध पिलाकर पाला गया, वह अब खुद श्री शिंदे को ही डस रहा है। श्री जरांगे का आंदोलन अब एक कारोबार बन गया है।" श्री वाघमारे ने मराठा आरक्षण कार्यकर्ता पर गंभीर आरोप लगाए।

श्री रामदास कदम के बेटे की हालिया टिप्पणी का जिक्र करते हुए- जिन्होंने कहा था कि इन आरोपों में कुछ भी गलत नहीं है, श्री वाघमारे ने कहा कि ओबीसी नेता पिछले तीन सालों से इस मुद्दे पर चिंता जताते आ रहे हैं। श्री वाघमारे ने कहा, "हम पिछले तीन सालों से यही बात कह रहे हैं। अच्छी बात है कि उन्हें अब समझ आ गया, भले ही देर से ही सही। जब सांप ने उन्हें डसा, तब जाकर उन्हें समझ आया कि असल में क्या हो रहा था।" उन्होंने श्री शिंदे और इस विवाद से जुड़े घटनाक्रमों की अपनी आलोचना को दोहराया।

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