आजमगढ़ , अगस्त 02 -- उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले की दीवानी न्यायालय में 15 साल पुराने कातिलाना हमले के मुकदमे में अदालत ने फैसला सुनाते हुए चार आरोपियों को सात-सात वर्ष के कठोर कारावास की सजा दी है। जमीन की पैमाइश को लेकर शुरू हुए विवाद में घर पर हमला कर दो लोगों को गंभीर रूप से घायल करने के मामले में अदालत ने प्रत्येक दोषी पर 14 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया।

सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अभय दत्त गोंड के अनुसार कातिलाना हमले के करीब 15 वर्ष पुराने मुकदमे में सुनवाई पूरी करने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश एंटी करप्शन कोर्ट नंबर-1 अजय कुमार शाही की अदालत ने शनिवार को चार आरोपियों को सात-सात वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। प्रत्येक दोषी पर 14 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया।

अभियोजन के अनुसार फूलपुर थाना क्षेत्र के छगनपुर गांव निवासी रामदेव का गांव के ही हरिवंश आदि से जमीन की पैमाइश को लेकर विवाद चल रहा था। इसी विवाद को लेकर 5 नवंबर 2009 की रात करीब नौ बजे हरिवंश यादव, हंसराज यादव, हरेंद्र यादव और छाजी सोनकर ने रामदेव के घर पर हमला कर दिया था। हमले में रामदेव और उसके भतीजे अरविंद को गंभीर चोटें आई थीं।

पुलिस ने विवेचना पूरी कर सभी आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया। अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अभय दत्त गोंड और हरेंद्र सिंह ने छह गवाहों को न्यायालय में परीक्षित कराया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने चारों आरोपियों को दोषी करार देते हुए सात-सात वर्ष के कठोर कारावास और 14-14 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।

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