मुरैना , जून 02 -- राष्ट्रीय जलवायु परिवर्तन एवं मानव स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत आज मुरैना जिला मुख्यालय पर "हीट एक्शन डे" का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बढ़ते तापमान और लू के दुष्प्रभावों से लोगों को सुरक्षित रखने तथा स्वास्थ्य विभाग की तैयारियों की समीक्षा करना था।
कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. पदमेश उपाध्याय ने की। जिला कार्यालय सभागार में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि जिले में लगातार तापमान बढ़ रहा है, जिससे जनस्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। ऐसी स्थिति में हीट स्ट्रोक के मामलों से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।
उन्होंने कहा कि बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं तथा अन्य संवेदनशील वर्गों को भीषण गर्मी से सुरक्षित रखना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। डॉ. उपाध्याय ने निर्देश दिए कि जिले के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों तथा जिला चिकित्सालय में लू से प्रभावित मरीजों के लिए विशेष बिस्तरों की व्यवस्था की जाए। अस्पतालों में कूलर, पंखे और शीतल पेयजल की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि सभी स्वास्थ्य संस्थानों में ओआरएस पैकेट, जीवन रक्षक दवाइयों और अंतःशिरा द्रवों का पर्याप्त भंडारण रखा जाए। साथ ही आशा कार्यकर्ताओं, एएनएम और अन्य मैदानी स्वास्थ्य कर्मियों को ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में जनजागरूकता अभियान चलाकर लोगों को लू से बचाव के उपायों की जानकारी देने के निर्देश दिए गए।
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