शिमला , अप्रैल 25 -- हिमाचल सरकार ने उन चतुर्थवर्गीय कर्मचारियों की शेष 30 प्रतिशत ग्रेच्युटी और लीव एनकैशमेंट (छुट्टी के बदले नकद भुगतान) के बकाए को तत्काल जारी करने का आदेश दिया है, जो 1 जनवरी, 2016 से 31 जनवरी, 2022 के बीच अवकाशप्राप्त हुए थे या सेवाकाल के दौरान जिनका निधन हो गया था।

एक सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि यह निर्णय मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के निर्देशों के बाद लिया गया है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने इस अवधि के दौरान मूल पेंशन और पारिवारिक पेंशन पर अंतरिम राहत की चार किस्तें और महंगाई भत्ते की 12 किस्तें पहले ही वितरित कर दी थीं।

उन्होंने कहा कि इन भुगतानों को लंबित पेंशन या पारिवारिक पेंशन के बकाए के विरुद्ध समायोजित किया जा सकता है।

प्रवक्ता ने बताया कि पेंशन वितरित करने वाले अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे यह सुनिश्चित करें कि इस राशि के जारी होने के साथ ही सभी पात्र चतुर्थवर्गीय कर्मचारियों की ग्रेच्युटी और लीव एनकैशमेंट की सभी बकाया राशियां पूरी तरह से चुका दी जाएं, ताकि कोई भी बकाया शेष न रहे।

गौरतलब है कि इस कदम से बड़ी संख्या में अवकाशप्राप्त कर्मचारियों और सेवाकाल के दौरान दिवंगत हुए कर्मचारियों के परिवारों को आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही यह पेंशन संबंधी लाभों के समय पर निपटान के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को भी और मजबूत करेगा।

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