भिवानी , अगस्त 14 -- हरियाणा के भिवानी में कांग्रेस अध्यक्ष एवं वरिष्ठ दलित नेता मल्लिकार्जुन खरगे के साथ उत्तराखंड के हल्द्वानी में हुई घटना के विरोध में शुक्रवार को कांग्रेस की शहरी एवं ग्रामीण जिला कमेटी ने रोष मार्च और सत्याग्रह किया। कार्यक्रम में जिलेभर के वरिष्ठ नेताओं, विधायकों, पूर्व प्रत्याशियों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में भाग लेकर अपना रोष जताया।
रोष मार्च की शुरुआत हांसी गेट से हुई। कांग्रेस कार्यकर्ता प्रदर्शन करते हुए बासिया भवन के नजदीक स्थित बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर चौक पहुंचे। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और संबंधित व्यवस्था के खिलाफ नारेबाजी की। कांग्रेस नेताओं ने घटना को लोकतांत्रिक मूल्यों और संविधान का अपमान बताया।
कांग्रेस के शहरी जिला अध्यक्ष प्रदीप गुलिया जोगी ने कहा कि श्री खरगे देश के वरिष्ठ नेता और वंचित वर्ग की सशक्त आवाज हैं। उनके साथ इस प्रकार का दुर्व्यवहार और अपमान कांग्रेस कार्यकर्ता तथा संविधान में आस्था रखने वाला नागरिक सहन नहीं करेगा।
उन्होंने कहा कि हल्द्वानी के रामलीला मैदान में श्री खरगे की जनसभा के बाद मंच का शुद्धिकरण और हवन करवाना अनुसूचित जाति समाज तथा संविधान का अपमान है। उन्होंने इसे लोकतंत्र और भारतीय संविधान की मूल भावना पर हमला बताया।
श्री जोगी ने कहा कि जाति या पृष्ठभूमि के आधार पर किसी वरिष्ठ जननेता के प्रति भेदभावपूर्ण व्यवहार आधुनिक भारत में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा शासन में संवैधानिक संस्थाओं और विपक्षी नेताओं की आवाज दबाने का प्रयास किया जा रहा है।
कार्यक्रम के अंत में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा के समक्ष सामाजिक न्याय, लोकतांत्रिक मूल्यों और संविधान की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।
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