हरिद्वार , मई, 12 -- उत्तराखंड में हरिद्वार के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार नवनीत सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे "ऑपरेशन प्रहार" के अंगर्गत मंगलौर पुलिस ने मंगलवार को एटीएम कार्ड बदलकर लोगों के खातों से रकम निकालने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया और एक शातिर आरोपी को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से विभिन्न बैंकों के 12 एटीएम कार्ड तथा 10,710 रुपये नकद बरामद किए हैं।

पुलिस के अनुसार, कोतवाली मंगलौर क्षेत्र निवासी मुकेश पत्नी रमन निवासी मुण्डलाना ने शिकायत दर्ज कराई थी कि अज्ञात व्यक्तियों ने एटीएम कार्ड बदलकर उनके खाते से लगभग 70 हजार रुपये की धोखाधड़ी कर ली। शिकायत के आधार पर कोतवाली मंगलौर में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई।

मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी हरिद्वार ने तत्काल प्रभारी निरीक्षक मंगलौर को घटना के शीघ्र खुलासे के निर्देश दिए। इसके बाद उपनिरीक्षक नितिन विष्ट, चौकी प्रभारी कस्बा मंगलौर के नेतृत्व में विशेष पुलिस टीम गठित की गई।

पुलिस टीम ने घटना स्थल और आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की गहन जांच की। हरिद्वार, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर सहित विभिन्न जनपदों में लगातार दबिश देते हुए पुलिस ने करीब 356 सीसीटीवी फुटेज खंगाले। साथ ही एटीएम धोखाधड़ी से जुड़े पुराने अपराधियों का सत्यापन भी किया गया।

जांच के दौरान मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने सहारनपुर जनपद के थाना बड़गांव क्षेत्र निवासी संजय पुत्र अमर को हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि गिरोह हरिद्वार, देहरादून और मुजफ्फरनगर क्षेत्रों में सक्रिय था। गैंग के सदस्य एटीएम मशीन खराब होने का झांसा देकर लोगों के कार्ड बदल लेते थे और बाद में खातों से रकम निकाल लेते थे।

पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि गिरोह के सदस्य इंस्टाग्राम के माध्यम से आपस में संपर्क करते थे तथा पहचान छिपाने के लिए अपने नाम से सिम कार्ड नहीं लेते थे। आरोपी अधिकतर वारदातें रविवार के दिन अंजाम देते थे, ताकि बैंक बंद रहने के कारण पीड़ितों को तत्काल जानकारी न मिल सके।

सं.अभयवार्तागिरफ्तार आरोपी के खिलाफ सहारनपुर के विभिन्न थानों में धोखाधड़ी, चोरी और आईटी एक्ट से संबंधित कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।

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