श्रीनगर , अप्रैल 04 -- जम्मू-कश्मीर के हज तीर्थयात्रियों के लिए उड़ानें 18 से शुरू होकर 28 अप्रैल तक जारी रहेंगी। इस साल हज पर जाने वाले तीर्थयात्रियों की कुल संख्या 4,706 हैं।
कश्मीर के संभागीय आयुक्त अंशुल गर्ग ने तीर्थयात्रियों की रवानगी की व्यवस्थाओं की समीक्षा के लिए एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की।
इस बैठक में जम्मू-कश्मीर और कारगिल के विभिन्न जिलों के उपायुक्तों के अलावा विमानपत्तन प्राधिकरण, आप्रवासन, सीमा-शुल्क, पर्यटन, लोक निर्माण, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, कश्मीर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (केपीडीसीएल), स्वास्थ्य, परिवहन, यातायात, पुलिस, केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) जम्मू और कश्मीर बैंक और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया।
आधिकारिक प्रवक्ता ने बताया कि संभागीय आयुक्त ने सभी विभागों को हज यात्रा के लिए व्यापक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने का निर्देश दिया, जिसमें हज हाउस में बिजली और पानी की निर्बाध आपूर्ति, स्वच्छता और स्वास्थ्य सुविधाएं शामिल हैं।
उन्होंने जम्मू- कश्मीर बैंक को भी निर्देश दिया कि वे तीर्थयात्रियों के लिए छोटी कीमतों वाले विदेशी मुद्रा नोटों की पर्याप्त उपलब्धता बनाये रखें और जम्मू तथा लद्दाख से आने वाले तीर्थयात्रियों के लिए उचित रहने-खाने की व्यवस्था करने को कहा।
आप्रवासन और सीमा-शुल्क अधिकारियों से कहा गया कि वे हवाई अड्डे पर तीर्थयात्रियों की त्वरित निकासी के लिए विशेष सुविधा काउंटर स्थापित करें। हज अधिकारी को निर्देश दिया गया कि वे संबंधित अधिकारियों और हज यात्रियों के बीच समन्वय और सूचना साझा करने के लिए एक समर्पित व्हाट्सग्रुप बनायें।
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