श्रीनगर , अप्रैल 15 -- जम्मू-कश्मीर के सोपोर जिले में सरकारी बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय में हाल ही में हुए छात्र प्रदर्शन के दौरान कानून-व्यवस्था को बाधित करने वाले शरारती तत्वों के खिलाफ चल रही निरंतर कार्रवाई के अंतर्गत पुलिस ने रात भर छापेमारी के दौरान पांच और शरारती तत्वों को गिरफ्तार किया है।

पुलिस ने बुधवार को यहां जारी एक बयान में कहा कि शरारती तत्वों ने छात्रों के शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में घुसपैठ की और कानून-व्यवस्था में गड़बड़ी पैदा की जिसमें तोड़फोड़ की घटनाएं भी शामिल हैं, जिसके कारण सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचा।

पुलिस ने हालांकि इसमें शामिल सभी लोगों के खिलाफ त्वरित एवं लक्षित कार्रवाई जारी रखी है। पुलिस ने कहा, "इसके अलावा 13 और उपद्रवियों की पहचान की गई है और उन्हें जल्द से जल्द गिरफ्तार करने के प्रयास जारी हैं। छापेमारी एवं तलाशी अभियान तब तक जारी रहेंगे जब तक इन सभी तत्वों को न्याय के कटघरे में नहीं लाया जाता।"पुलिस ने दोहराया कि वह किसी भी व्यक्ति को संवेदनशील परिस्थितियों का फायदा उठाकर सार्वजनिक शांति भंग करने की अनुमति नहीं देगी। पुलिस ने कहा कि अव्यवस्था फैलाने में शामिल सभी लोगों के खिलाफ कड़ी और कानूनी कार्रवाई की जाएगी और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।

पुलिस ने शांति-व्यवस्था कायम रखने में सोपोर के लोगों द्वारा दिए गए निरंतर सहयोग और समर्थन की भी सराहना की और सभी नागरिकों से सतर्क रहने और कानून प्रवर्तन एजेंसियों की सहायता जारी रखने का आग्रह किया।

उन्होंने कहा कि पुलिस, शांतिप्रिय नागरिकों के समन्वय से पूरे जिले में शांति, सुरक्षा एवं सामान्य स्थिति बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है।

सोपोर में एक स्कूल व्याख्याता द्वारा यौन उत्पीड़न के आरोपों के बाद हिंसक विरोध प्रदर्शन भड़क उठा जिसके कारण तोड़फोड़ की घटनाएं हुई और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई।

पुलिस ने पहचाने गए 25 शरारती तत्वों में से कई को गिरफ्तार कर लिया है और आरोपी शिक्षक को निलंबित कर दिया गया है। स्थिति को नियंत्रण में लाने का प्रयास जारी है।

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