लंदन , मार्च 4 -- राष्ट्रमंडल पत्रकार संघ (सीजेए ) ने बंगलादेश प्रधानमंत्री तारिक रहमान के देश में कानून का राज बहाल करने के वादे का स्वागत किया और जेलों में बंद पत्रकारों को जल्द रिहा करने की अपील की है।
सीजेए ने श्री रहमान और बंगलादेश की नयी सरकार से पत्रकारों को तुरंत रिहा करने की अपील की, जो एक साल से ज़्यादा समय से जेल में बंद हैं। इन पत्रकार पर उनके बुनियादी अधिकारों का उल्लंघन करते हुए हत्या के आरोपों सहित झूठे आरोप लगाए गए हैं।
एसोसिएशन ने बंगलादेश में 12 फरवरी को हुए काफ़ी हद तक आज़ाद और निष्पक्ष चुनावों का स्वागत करते हुए कहा कि 2025 में मुहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार ने न्याय व्यवस्था में भरोसा बहाल करने और झूठे आरोपों में फंसे लोगों की तकलीफ़ को समझने की कोशिशों के तहत 16,429 बेबुनियाद मामलों को वापस लेने की घोषणा की थी।
अभी भी हिरासत में लिए गए लोगों में सीजेए अपने उपाध्यक्ष श्यामल दत्ता के मामले पर भी ज़ोर दिया, जो भोरेर कागोज के लंबे समय से सम्पादक थे, जिन्हें सितंबर 2024 में एक बेबुनियाद हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।
सीजेए के अनुसार श्री दत्ता और कई अन्य लोगों को कथित तौर पर बहुत खराब हालात में रखा गया है और उन्हें सही कानूनी मदद और ज़मानत नहीं दी गई है। सीजेए कहा कि जुलाई 2024 से, बंगलादेश में सैकड़ों पत्रकारों और मीडिया कर्मचारियों पर शारीरिक हमले हुए हैं, जिनमें कई मारे गए हैं।
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