चंडीगढ़ , अक्टूबर 30 -- हरियाणा में सीएम विंडो पर दर्ज नागरिकों की शिकायतों के निपटारे में तेजी लाने के लिए वित्त आयुक्त एवं अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने सभी जिलों के उपायुक्तों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने लंबित और निर्धारित समय सीमा से अधिक समय से पड़ी शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने तथा प्रत्येक मामले में कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा है।

शुक्रवार को चंडीगढ़ स्थित वित्तीय आयुक्त राजस्व कार्यालय से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित समीक्षा बैठक में डॉ. मिश्रा ने जिला स्तर पर शिकायत निवारण की प्रगति का आकलन किया। बैठक में बताया गया कि सीएम विंडो पोर्टल पर अब तक कुल 16,17,688 शिकायतें दर्ज हुई हैं। इनमें से 27 अक्टूबर तक 15,60,782 शिकायतों का निपटारा किया जा चुका है। इनमें 4,55,846 शिकायतें निर्धारित समय सीमा के भीतर हल की गई हैं।

जिला स्तर पर प्रदर्शन की समीक्षा में यमुनानगर 94 अंकों के साथ पहले स्थान पर रहा। पलवल को 85, हांसी को 81 और गुरुग्राम को 80 अंक मिले। फरीदाबाद ने 78, नूंह ने 77 और नारनौल ने 75 अंक हासिल किए। झज्जर, पानीपत और भिवानी को 74-74 अंक मिले।

डॉ. मिश्रा ने सभी उपायुक्तों को शिकायतों के निपटारे में 95 प्रतिशत समाधान दर हासिल करने का लक्ष्य दिया। उन्होंने पलवल के उपायुक्त के पिछले महीने के प्रदर्शन की सराहना भी की। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिकायतों का समाधान पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर होना चाहिए और किसी भी पुराने मामले को अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रखा जाए।

बैठक में सोशल मीडिया के माध्यम से मिली शिकायतों की भी समीक्षा की गई। इस माध्यम से कुल 1,05,696 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 21 अक्टूबर तक 85,883 का निपटारा किया गया। उपायुक्तों को अपने सोशल मीडिया अकाउंट सक्रिय रखने और शिकायतकर्ताओं को कार्रवाई की जानकारी सीधे उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।

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