उज्जैन , अप्रैल 23 -- मध्यप्रदेश के उज्जैन में सिंहस्थ 2028 को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सफल बनाने के लिए पुलिस द्वारा चरणबद्ध तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इन तैयारियों में प्रशिक्षण, तकनीक और संसाधनों के समन्वय पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

पुलिस सामुदायिक भवन में आयोजित प्रशिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ पुलिस महानिदेशक कैलाश मकावाना ने किया। कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ विभिन्न जिलों से आए प्रशिक्षणार्थी अधिकारी उपस्थित रहे।

पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा ने सिंहस्थ 2028 की तैयारियों पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया। इसमें सिंहस्थ 2016 के अनुभवों का विश्लेषण करते हुए संभावित श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या, व्यवस्थागत चुनौतियों और उनके समाधान की रणनीतियों पर प्रकाश डाला गया।

पुलिस सूत्रों के अनुसार सिंहस्थ के लिए बहु-स्तरीय सुरक्षा एवं भीड़ प्रबंधन की रणनीति तैयार की जा रही है, जिसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, फेस रिकग्निशन, ड्रोन सर्विलांस और सीसीटीवी के माध्यम से निगरानी को मजबूत किया जाएगा। साथ ही साइबर वारियर्स पोर्टल का भी उपयोग किया जाएगा।

तैयारियों के तहत शहर में प्रवेश-निकास मार्गों का निर्धारण, रूट डायवर्जन योजना, पार्किंग स्थलों का चयन, रीयल-टाइम ट्रैफिक मॉनिटरिंग, घाटों व मंदिरों पर भीड़ नियंत्रण के लिए बैरिकेडिंग और चरणबद्ध प्रवेश व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। रेलवे स्टेशन सहित प्रमुख स्थानों पर विशेष सुरक्षा और मार्गदर्शन की व्यवस्था भी की जाएगी।

कार्यक्रम का उद्देश्य राज्य स्तर पर मास्टर ट्रेनर्स तैयार करना है, जो प्रशिक्षण प्राप्त कर अपने-अपने जिलों में अन्य पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षित करेंगे। इसके तहत 48 विषयों पर लगभग 110 व्याख्यान और फील्ड ट्रेनिंग आयोजित की जाएगी।

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