नैनीताल , जुलाई 22 -- उत्तराखंड की पर्यटक नगरी नैनीताल में आयोजित होने वाला ऐतिहासिक नंदा देवी महोत्सव 16 से 23 सितंबर के मध्य आयोजित होगा। 124वें नंदा महोत्सव के लिए प्रशासन की ओर से तैयारियां शुरू कर दी गई है।

बुधवार को जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल की अध्यक्षता में महोत्सव को लेकर एक बैठक आयोजित की गई और तैयारियों को लेकर चर्चा की गयी। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को सभी व्यवस्थाएं समय पर पूरा करने के निर्देश दिए।

बैठक में श्री रयाल ने कहा कि नंदा देवी मेला जिलावासियों की आस्था और पहचान का प्रतीक है। मेले में उत्तराखंड की लोक संस्कृति, कला और परंपराओं की झलक दिखाई देनी चाहिए। सांस्कृतिक कार्यक्रम स्थानीय लोक परंपराओं पर आधारित होंगे और स्थानीय कलाकारों को प्राथमिकता दी जाएगी।

मेले में स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए हाउस ऑफ हिमालया, महिला स्वयं सहायता समूहों और स्थानीय उद्यमियों के उत्पादों के स्टॉल लगाए जाएंगे। स्टॉल आवंटन की जिम्मेदारी मुख्य विकास अधिकारी को दी गई है।

जिलाधिाकरी ने मेले को प्लास्टिक मुक्त रखने के निर्देश देते हुए नगर को विद्युत लाइटों से सजाने को कहा। ठंडी सड़क क्षेत्र में विशेष प्रकाश व्यवस्था के साथ ही खराब स्ट्रीट लाइटों को समय से ठीक करने के निर्देश दिए गए। नगर पालिका को पंडाल, टेंट, स्टॉल और मंच निर्माण समेत अन्य व्यवस्थाओं के लिए पारदर्शी टेंडर प्रक्रिया समय पर पूरी करने को कहा गया।

उन्होंने डोला यात्रा के सभी मार्गों का लोक निर्माण विभाग, नगर पालिका और सिंचाई विभाग की संयुक्त टीम से निरीक्षण कर आवश्यक मरम्मत कराने के निर्देश दिए। मेले से पहले लोअर मॉल रोड को सुचारू करने तथा डीएसए मैदान में जलभराव की समस्या दूर करने के भी निर्देश दिए गए। मेला क्षेत्र में कीचड़ की समस्या से बचने के लिए आवश्यक स्थानों पर कंक्रीट डालने को कहा गया।

मेले के दौरान सफाई व्यवस्था, पर्याप्त मोबाइल टॉयलेट, पेयजल आपूर्ति, टैंकर और स्टैंड पोस्ट की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। स्वास्थ्य विभाग की ओर से स्वास्थ्य शिविर लगाया जाएगा, जहां आयुष्मान कार्ड भी बनाए जाएंगे। विद्युत विभाग को झूलते तारों को ठीक करने और वन विभाग को मेला मार्गों में आने वाले पेड़ों की लॉपिंग कराने के निर्देश दिए गए।

सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस विभाग को अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी रखने को कहा गया।

परिवहन विभाग को यातायात व्यवस्था मजबूत करने, श्रद्धालुओं के लिए रोडवेज की अतिरिक्त बसों की व्यवस्था तथा पार्किंग की समुचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए। बैठक में निर्णय लिया गया कि मुख्य मेले के दिन नैनीताल मुख्यालय की सभी ठेका मदिरा की दुकानें बंद रहेंगी। वहीं, मेले के दौरान प्रतिदिन होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन को लेकर सूचना, संस्कृति और पर्यटन विभाग को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

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