धार , सितंबर 03 -- मध्यप्रदेश में धार जिले के औद्योगिक क्षेत्र खेरवास में स्थापित सोया प्लांट एवं वंडर सीमेंट फैक्ट्री द्वारा ग्राम पंचायत को संपत्ति कर नहीं दिए जाने सहित सात सूत्रीय मांगों को लेकर मंगलवार को शुरू हुआ सरपंच रेखा मालवीय का धरना और उनके प्रतिनिधि रजनीश मालवीय का आमरण अनशन प्रशासन की समझाइश के बाद समाप्त हो गया।
दोपहर करीब डेढ़ बजे एसडीएम प्रियंका मीमरोट एवं तहसीलदार सुरेश नागर ने वंडर सीमेंट और सोया प्लांट के अधिकारियों की मौजूदगी में धरना दे रही सरपंच एवं ग्रामीणों से चर्चा की। दोनों कंपनियों के अधिकारियों ने गांव के विकास में सहयोग देने, नियमानुसार कार्य करने तथा स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसरों में प्राथमिकता देने सहित अन्य मांगों को लेकर आश्वासन दिया।
इसके बाद एसडीएम एवं तहसीलदार ने सरपंच रेखा मालवीय और उनके प्रतिनिधि रजनीश मालवीय को जूस पिलाकर धरना एवं आमरण अनशन समाप्त करवाया।
सरपंच की प्रमुख मांगों में ग्राम पंचायत का संपत्ति कर एवं बकाया राशि जमा करवाना, विस्थापित बस्ती में सीमेंट-कांक्रीट सड़क एवं नाली निर्माण, सामुदायिक भवन का नियमानुसार किराया देने और क्षतिग्रस्त भवन की मरम्मत, आंगनवाड़ी भवन को हुई क्षति की क्षतिपूर्ति, फैक्ट्री से निकलने वाले प्रदूषित जल का उचित निस्तारण, विस्थापित परिवारों को पात्रता के अनुसार रोजगार तथा सोया प्लांट में स्थानीय ग्रामवासियों को रोजगार में प्राथमिकता देना शामिल था।
एसडीएम प्रियंका मीमरोट ने बताया कि पंचायत जनप्रतिनिधियों एवं दोनों कंपनियों के अधिकारियों से चर्चा कर धरना समाप्त करवाया गया है। बुधवार को कंपनी एवं पंचायत प्रतिनिधियों की मौजूदगी में गांव में विकास कार्यों को लेकर रूपरेखा तैयार की जाएगी। उन्होंने कहा कि नियमानुसार पूरा काम करवाया जाएगा।
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