श्रीनगर , जुलाई 16 -- राष्ट्रीय पुस्तक न्यास (एनबीटी), श्रीनगर जिला प्रशासन और राष्ट्रीय उर्दू भाषा विकास परिषद (एनसीपीयूएल) के संयुक्त तत्वाधान में 18 से 26 जुलाई तक यहां चिनार पुस्तक महोत्सव का तीसरा संस्करण आयोजित किया जा रहा है।
एनबीटी के निदेशक युवराज मलिक ने गुरुवार को श्रीनगर के उपायुक्त अक्षय लाब्रू, चिनार पुस्तक महोत्सव के मुख्य समन्वयक अमित वांचू और एनसीपीयूएल के निदेशक शम्स इकबाल के साथ संवाददाता सम्मेलन में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह महोत्सव डल झील के किनारे शेर-ए-कश्मीर अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन केंद्र (एसकेआईसीसी) के लॉन में 18 से 26 जुलाई तक आयोजित किया जायेगा।
शिक्षा मंत्रालय के तहत आयोजित होने वाले इस नौ-दिवसीय महोत्सव में अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी को बढ़ावा देने के लिए आम जनता के लिए प्रवेश मुफ्त होगा।
श्री मलिक ने कहा कि यहां 250 से अधिक बुकस्टॉल लगाये गये हैं। इसके अलावा यहां 50 से अधिक साहित्यिक कार्यक्रम भी आयोजित किये जायेंगे, जिनमें आपको अलग-अलग भाषाओं, क्षेत्रों और शैलियों के लेखकों से मिलने का मौका मिलेगा। साथ ही हमने बच्चों के लिए 50 से अधिक रचनात्मक गतिविधियां भी रखी हैं। उन्होंने इस साल के संस्करण में स्थानीय प्रतिभाओं को बढ़ावा देने पर विशेष जोर देने की बात कही, जिसमें 800 से अधिक स्थानीय कलाकारों, लेखकों, संरक्षक और कंटेंट निर्माता को अपना काम दिखाने और व्यापक पहचान पाने के लिए एक मंच प्रदान किया जा रहा है।
श्री मलिक ने मुख्य आकर्षणों में राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के अनुरूप गोजरी भाषा में बच्चों की पुस्तकों के एक नये संग्रह के लोकार्पण की भी घोषणा की। महोत्सव के दौरान 'राजतरंगिणी' का बच्चों के लिए एक सरल संस्करण भी लोकार्पण किया जायेगा।
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