बारां , अप्रैल 20 -- राजस्थान में बारां जिले के अटरू उपखंड के कुंजेड़ सरपंच प्रतिनिधि प्रशांत पाटनी ने शेरगढ़ अभयारण्य में चीता केपी- 3 को स्थायी रूप से बसाने की मांग की है।
चीता केपी-3 के प्राकृतिक कॉरिडोर से 100 किलोमीटर की दूरी तय करके शेरगढ़ पहुंचने के बाद यह मांग जोर पकड़ रही है।
पाटनी और होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान के जिलाध्यक्ष हरिओम अग्रवाल ने वन विभाग से आग्रह करते हुए तर्क दिया है कि चीता ने इस क्षेत्र को अपने अनुकूल साबित किया है, क्योंकि यहां पर्याप्त घास के मैदान और शिकार उपलब्ध हैं।
श्री पाटनी ने कहा कि चीते के संरक्षण से वन्यजीवों को सुरक्षा मिलेगी और शेरगढ़ अभयारण्य पर्यटन मानचित्र पर नयी पहचान बना सकेगा।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित