बेंगलुरु , मई 30 -- कर्नाटक कांग्रेस में संभावित सत्ता संघर्ष को लेकर लंबे समय चल रही अटकलों पर पलटवार करते हुए पार्टी महासचिव केसी वेणुगोपाल ने शनिवार को घोषणा की है कि कांग्रेस विधायक दल के नेता के रूप में डी.के. शिवकुमार का सर्वसम्मति से चुना जाना पार्टी की एकता और संगठनात्मक अनुशासन को दर्शाता है।

कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला और निवर्तमान मुख्यमंत्री सिद्दारमैया की उपस्थिति में संवाददाताओं को संबोधित करते हुए श्री वेणुगोपाल ने कहा कि नेतृत्व परिवर्तन के बाद मतभेदों की जो भविष्यवाणियां की जा रही थीं, वे पूरी तरह गलत साबित हुई हैं और सभी विधायक कांग्रेस आलाकमान के फैसले के साथ खड़े नजर आए हैं। उन्होंने कहा कि कई लोगों को उम्मीद थी कि यह बदलाव कांग्रेस के लिए मुश्किलें खड़ी करेगा। लेकिन हमारा एक बड़ा परिवार है, और पार्टी व कांग्रेस आलाकमान के फैसले को सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया गया है।

यह बयान बीते कुछ दिनों से श्री सिद्दारमैया से श्री शिवकुमार को सत्ता सौंपने की प्रक्रिया को लेकर चल रही गहन राजनीतिक चर्चाओं के बीच आया है। इससे सत्तारूढ़ दल के भीतर गुटीय तनाव की अटकलों को हवा मिली थी। इन धुंध का साफ करते हुए श्री वेणुगोपाल ने कहा कि श्री शिवकुमार को बिना किसी विरोध के विधायक दल का नेता चुना गया है।

उन्होंने कहा, "मैं गर्व के साथ यह घोषणा करना चाहता हूं कि कर्नाटक कांग्रेस विधायक दल ने सर्वसम्मति से डीके शिवकुमार को कर्नाटक कांग्रेस विधायक दल का नेता चुना है।" श्री वेणुगोपाल के अनुसार, खुद श्री सिद्दारमैया ने श्री शिवकुमार के नाम का प्रस्ताव रखा, जिसका वरिष्ठ मंत्रियों ने समर्थन किया और विधायक दल ने इसे सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित