यमुनानगर , सितंबर 09 -- विश्व फिजियोथेरेपी दिवस 2026 के अवसर पर टीडीटीआर डीएवी इंस्टीट्यूट ऑफ फिजियोथेरेपी एंड रिहैबिलिटेशन, यमुनानगर में चल रहे दो दिवसीय कार्यक्रम के दूसरे दिन आज विभिन्न शैक्षणिक, रचनात्मक और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किये गये।
कार्यक्रम की शुरुआत 'ब्रेन एवं स्पाइन सर्जरी में नवीनतम प्रगति' विषय पर मेडिकल सेमिनार से हुई।
ओजस हॉस्पिटल पंचकूला के न्यूरोसर्जन डॉ. प्रशांत मस्कारा ने विद्यार्थियों को ब्रेन और स्पाइनसर्जरी की आधुनिक तकनीकों और उपचार पद्धतियों की जानकारी दी। उन्होंने सर्जरी के बाद पुनर्वास में फिजियोथेरेपी की भूमिका और न्यूरोसर्जरी-फिजियोथेरेपी समन्वय के महत्व पर प्रकाश डाला।
इस अवसर पर इंडियन एसोसिएशन ऑफ फिजियोथेरेपिस्ट्स (आईएपी) और आईएपी वूमन सेल, यमुनानगर के सहयोग से पोस्टर मेकिंग और वर्किंग मॉडल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का विषय "द सेडेंटरी हार्ट- ब्रेकिंग द साइकिल ऑफ इनएक्टिविटी थ्रू फिजियोथेरेपी" रहा। विद्यार्थियों ने निष्क्रिय जीवनशैली के दुष्प्रभावों और नियमित व्यायाम व फिजियोथेरेपी से हृदय स्वास्थ्य को लेकर रचनात्मक मॉडल एवं पोस्टर प्रस्तुत किये। विजेताओं को प्रधानाचार्य डॉ. हिमांशु शेखर ने पुरस्कृत किया।
कार्यक्रम में बीपीटी प्रथम वर्ष से फाइनल ईयर तक के यूनिवर्सिटी टॉपर्स को सम्मानित किया गया। डीएवी स्कूल्स यमुनानगर के चेयरमैन विजय कपूर, डॉ प्रशांत मस्कारा और डॉ हिमांशु शेखर ने मेधावी विद्यार्थियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया।
अंत में डीएवी फिजियोथेरेपी रोटरैक्ट क्लब द्वारा फिजियोथेरेपी जागरूकता पर नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया, जिसमें शारीरिक सक्रियता, स्वस्थ जीवनशैली और पुनर्वास का संदेश दिया गया।
इस अवसर पर डॉ. रुचिका, डॉ. मुकेश, डॉ. गगन, डॉ. हीना, डॉ. अनुराग, डॉ. मंज्योत, डॉ. धीरज, सोहन लाल सहित संस्थान के फैकल्टी सदस्य मौजूद रहे।
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