कपूरथला , जून 05 -- विश्व पर्यावरण दिवस 2026 के अवसर पर शुक्रवार को विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पर्यावरण विभाग, पंजाब द्वारा पुष्पा गुजराल साइंस सिटी में राज्य स्तरीय समारोह का आयोजन किया गया। इस वर्ष संयुक्त राष्ट्र द्वारा विश्व पर्यावरण दिवस की थीम 'क्लाइमेट चेंज एक्शन' (जलवायु परिवर्तन के लिए कार्रवाई) निर्धारित की गयी है।

समारोह के मुख्य अतिथि राज्यसभा सांसद संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने राज्य में वृक्षारोपण जागरूकता अभियान की शुरुआत करते हुए लोगों को पौधे वितरित किए और अधिक से अधिक पेड़ लगाने का आह्वान किया। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के लिए देशी प्रजातियों के वृक्ष लगाने तथा प्लास्टिक के उपयोग से बचने की अपील की।

समारोह के दौरान पर्यावरण, प्रकृति एवं प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण में उल्लेखनीय योगदान देने वाली तीन संस्थाओं को शहीद भगत सिंह पंजाब राज्य वार्षिक पर्यावरण पुरस्कार-2026 से सम्मानित किया गया। पुरस्कार प्राप्त करने वाली संस्थाओं में ग्राम पंचायत सीचेवाल (ग्राम पंचायत श्रेणी), स्कूल ऑफ एमिनेंस छाजली (संस्था श्रेणी) और सैल्यूट द ट्रीज (एनजीओ/ सामाजिक संगठन श्रेणी) शामिल हैं।

प्रत्येक विजेता संस्था को एक लाख रुपये की नकद राशि, प्रशस्ति पत्र और रजत स्मृति चिह्न प्रदान किया गया।

कार्यक्रम में पंजाब राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद द्वारा चयनित 553 प्रविष्टियों में से आठ नवप्रवर्तकों को सम्मानित किया गया। इन नवप्रवर्तकों ने कम लागत वाली स्वदेशी तकनीकों और प्रक्रियाओं का विकास किया है। इसके अलावा, पंजाब राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद पंजाब को पंजाब के सरकारी स्कूलों के लिए 208 ग्रीन स्कूल पुरस्कार हासिल करने पर सम्मानित किया गया। होशियारपुर जिले को ग्रीन ऑडिट कार्यक्रम के तहत देश का सर्वश्रेष्ठ जिला पुरस्कार मिलने पर विशेष सम्मान दिया गया।

अपने संबोधन में संत सीचेवाल ने पंजाब में जल प्रदूषण नियंत्रण और पर्यावरण संरक्षण के अपने अनुभव साझा किये। उन्होंने कहा कि राज्य कई पर्यावरणीय चुनौतियों का सामना कर रहा है, जिनसे निपटने के लिए सरकार समयबद्ध तरीके से कार्य कर रही है। उन्होंने लोगों से श्री गुरु नानक देव की शिक्षाओं को अपनाने का आह्वान करते हुए कहा कि गुरु साहिब ने हवा को गुरु, पानी को पिता और धरती को माता का दर्जा देकर प्रकृति के सम्मान और संरक्षण का संदेश दिया था। उन्होंने नागरिकों से पर्यावरण अनुकूल जीवनशैली अपनाने और प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनने की अपील की। समारोह में विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पर्यावरण विभाग के सचिव कमल किशोर यादव ने भी राज्य में पर्यावरणीय चुनौतियों से निपटने के लिए चलाये जा रहे विभिन्न कार्यक्रमों और नीतिगत पहलों की जानकारी दी।

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