हैदराबाद , नवंबर 01 -- तेलंगाना के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ला ने रविवार को कहा कि भारत की भाषाई, सांस्कृतिक और क्षेत्रीय विविधता ही इसकी राष्ट्रीय एकता एवं ताकत की नींव है। उन्होंने कहा कि अलग-अलग राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के स्थापना दिवस को एक साझा मंच पर मनाना 'एक भारत, श्रेष्ठ भारत' की भावना को दर्शाता है।
राज्यपाल यहां लोक भवन के संस्कृति कम्युनिटी हॉल में आयोजित आठ राज्यों और पांच केंद्र शासित प्रदेशों के स्थापना दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस समारोह में आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़, हरियाणा, कर्नाटक, केरल, मध्य प्रदेश, पंजाब और तमिलनाडु के साथ-साथ अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, चंडीगढ़, दिल्ली, लक्षद्वीप और पुड्डुचेरी शामिल थे।
हैदराबाद को 'मिनी इंडिया' बताते हुए उन्होंने कहा कि तेलंगाना ने हमेशा देश के अलग-अलग हिस्सों से आए लोगों का स्वागत किया है और आपसी सम्मान, सद्भाव तथा समावेशी विकास को बढ़ावा दिया है।
राष्ट्रीय एकता में सरदार वल्लभभाई पटेल के योगदान को याद करते हुए, राज्यपाल ने कहा कि 'राष्ट्रीय एकता दिवस' के बाद आयोजित ये कार्यक्रम भारत की सामूहिक पहचान को फिर से मजबूत करते हैं।
उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि वे आत्मनिर्भरता, समावेशी विकास, महिला सशक्तीकरण, पर्यावरण संरक्षण और सुशासन के माध्यम से 'विकसित भारत' के विजन में अपना योगदान दें।
हैदराबाद और तेलंगाना के अन्य हिस्सों में अपर्याप्त बारिश पर चिंता जताते हुए श्री शुक्ला ने नागरिकों से आग्रह किया कि वे जल संरक्षण और प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा को अपनी सामूहिक जिम्मेदारी बनाएं।
मुख्य सचिव संजय जाजू ने भी विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लोगों से आह्वान किया कि वे राष्ट्रीय विकास के लिए मिलकर काम करें और वैश्विक स्तर पर भारत की स्थिति को और मजबूत बनाएं।
इन समारोहों में, भाग लेने वाले राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की परंपराओं और कलात्मक विरासत को दर्शाने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रम मुख्य आकर्षण रहे।
इस कार्यक्रम में राज्यपाल की पत्नी जानकी शुक्ला, कई वरिष्ठ अधिकारी और विभिन्न राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों के प्रतिनिधि शामिल हुए।
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