वाराणसी , जुलाई 26 -- सावन माह के दौरान कांवड़ मार्गों पर मांस, मछली और अंडे की बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। खाद्य सुरक्षा एवं प्रशासन ने इस संबंध में सभी रेस्टोरेंट संचालकों एवं दुकानदारों को दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।

खाद्य सुरक्षा विभाग के सहायक आयुक्त कौशलेन्द्र शर्मा ने रविवार को बताया कि विभाग द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार प्रमुख कांवड़ मार्गों, जिनमें कछवा से रोहनिया थाना, रोहनिया थाना से लक्सा थाना, शूलटंकेश्वर महादेव मंदिर मार्ग तथा गाजीपुर मार्ग स्थित मार्कण्डेय महादेव मंदिर जाने वाला मार्ग शामिल है, लेकिन मांस, मछली और अंडे की बिक्री पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगी।

उन्होंने बताया कि सभी खाद्य प्रतिष्ठानों पर मूल्य सूची तथा खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा जारी लाइसेंस अथवा पंजीकरण प्रमाणपत्र प्रदर्शित करना अनिवार्य होगा। इसके अतिरिक्त सावन माह में काशी विश्वनाथ मंदिर के तीन किलोमीटर के दायरे में स्थित सभी खाद्य प्रतिष्ठानों को विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का अनिवार्य रूप से पालन करना होगा। प्रमुख शिवालयों के मार्गों पर भी यही व्यवस्था लागू रहेगी।

श्री शर्मा ने कहा कि कांवड़ मार्गों पर संचालित मांसाहार वाले रेस्तरां और दुकानों पर मांसाहारी खाद्य पदार्थों की बिक्री प्रतिबंधित रहेगी। सभी प्रतिष्ठानों को साफ-सफाई और स्वच्छता के मानकों का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए गए हैं। विभागीय टीमें इन मार्गों का लगातार निरीक्षण कर रही हैं और नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने बताया कि शिवभक्तों की सुविधा एवं फीडबैक के लिए प्रतिष्ठानों पर 'फूड सेफ्टी कनेक्ट' ऐप के साइनेज भी लगाए जा रहे हैं, ताकि किसी भी प्रकार की शिकायत होने पर लोग सीधे विभाग को सूचना दे सकें।

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