तिरुपति , अप्रैल 20 -- आंध्र प्रदेश में विपक्षी दल, वाईएसआरसीपी ने आंध्र प्रदेश में तिरुपति तिरुमाला देवस्थानम की घटती सांस्कृतिक एवं भक्तिमय पहचान ,भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद और आध्यात्मिक गतिविधियों की घोर उपेक्षा में लिप्त टीटीडी बोर्ड को लेकर चिंता व्यक्त की है।

टीटीडी के पूर्व अध्यक्ष भूमाना करुणाकर रेड्डी ने सोमवार को यहां मीडिया से बात करते हुए कहा कि टीटीडी ने कई ऐसे फैसले लिए हैं जिन्होंने तिरुमाला की सांस्कृतिक पहचान पर दाग लगा दिया है।

उन्होंने कड़ी आलोचना करते हुए कहा, "बीआर नायडू की अध्यक्षता में टीटीडी बोर्ड ने विभिन्न कला रूपों का अभ्यास करने वाले गायकों और विद्वानों के लिए भगवान की स्तुति में प्रदर्शन करने संबंधी मंच ,नाडा निरंजन प्रांगणम को गलत कारणों से सुर्खियों में रखा है। यहां व्यापक भ्रष्टाचार है और विद्वानों से मौका पाने के लिए रिश्वत मांगी जा रही है, जबकि वाई एस जगन मोहन रेड्डी के कार्यकाल में उन्हें मानदेय के साथ-साथ मुफ्त दर्शन, आवास और भोजन जैसी अन्य सुविधाएं भी दी जाती थीं।"श्री रेड्डी ने आरोप लगाया कि सांस्कृतिक लोकाचार को बुरी तरह से नुकसान पहुंचा है और बोर्ड का भक्ति चैनल एसवीबीसी अब एक सफेद हाथी बन रहा है। उन्होंने कहा कि चैनल का उद्देश्य धर्म का संदेश फैलाना था और हमारे कार्यकाल के दौरान, यज्ञों और धार्मिक अनुष्ठानों सहित भक्ति से संबंधित कार्यक्रमों का सीधा प्रसारण करके इसका अधिकतम उपयोग किया गया था।

उन्होंने आरोप लगाया, "जगन मोहन रेड्डी के शासनकाल के दौरान, हमने पूरे देश में 'चतुर्वेद यज्ञ' आयोजित किए लेकिन वर्तमान सरकार ने ऐसी धार्मिक गतिविधियों को रोक दिया है।"उन्होंने तीखी आलोचना करते हुए कहा कि दर्शन के टिकट अत्यधिक कीमतों पर बेचे जा रहे हैं और श्रीवानी के टिकटों की बिक्री भ्रष्टाचार से ग्रस्त है। उन्होंने कहा, "श्री वेंकटेश्वर नृत्य महाविद्यालय कुचिपुड़ी और हरिकथा को पाठ्यक्रम से हटाए जाने के कारण अपनी जीवंतता खो रहा है और टीडीडी बोर्ड की उपेक्षा के कारण मूर्तिकला महाविद्यालय भी लुप्त होता जा रहा है।"वाईएसआरसीपी के वरिष्ठ नेता ने खेद व्यक्त किया कि उत्तर भारत के वैदिक पाठशाला संतों द्वारा आयोजित वैदिक संगोष्ठी के दौरान उनका अपमान किया गया और इस वर्ष शीर्ष स्थान प्राप्त करने वालों को स्वर्ण पदक नहीं दिया गया जो धार्मिक गतिविधियों के प्रति उनके सम्मान में कमी को दर्शाता है।

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