प्रयागराज , जुलाई 23 -- उत्तर प्रदेश में प्रयागराज जिले के घूरपुर क्षेत्र में इरादतगंज रेलवे स्टेशन के पास बुधवार रात बनारस सुपरफास्ट एक्सप्रेस के लोको पायलट की सतर्कता से एक संभावित रेल हादसा टल गया। रेलवे ट्रैक पर रखा लोहे का पाइप समय रहते देख लेने के कारण ट्रेन को तत्काल रोक दिया गया।
रेलवे सूत्रों के अनुसार लोकमान्य तिलक टर्मिनस (मुंबई) से वाराणसी जा रही ट्रेन संख्या 12167 एलटीटी-बनारस सुपरफास्ट एक्सप्रेस बुधवार रात करीब 8:45 बजे इरादतगंज और लिंक जंक्शन के बीच पहुंची थी। इसी दौरान आगे रेड सिग्नल होने के कारण लोको पायलट आर.के. खरे ने ट्रेन की गति धीमी कर दी।
गति कम होने के दौरान लोको पायलट की नजर रेलवे ट्रैक पर रखे लोहे के पाइप पर पड़ी। उन्होंने तत्काल सूझबूझ दिखाते हुए इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन रोक दी। इसके बाद सहायक लोको पायलट सत्येंद्र इंजन से उतरकर ट्रैक पर रखा पाइप हटाया।
लोको पायलट ने घटना की सूचना तुरंत रेलवे कंट्रोल रूम को दी। सूचना मिलने पर रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) और रेलवे अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंची। लगभग छह मिनट तक ट्रेन मौके पर खड़ी रहने के बाद उसे सुरक्षित आगे के लिए रवाना कर दिया गया।
उत्तर मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) डॉ. शिवम शर्मा ने बताया कि ट्रैक पर रखा गया पाइप खोखला और जंग लगा हुआ था। उसका वजन इतना नहीं था कि उससे ट्रेन के पटरी से उतरने जैसी स्थिति उत्पन्न हो सके। हालांकि, रेलवे इस घटना को गंभीरता से लेते हुए पूरे मामले की जांच कर रहा है।
उन्होंने बताया कि नैनी आरपीएफ ने रेलवे अधिनियम की धारा 153 के तहत अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि ट्रैक पर किसी भी प्रकार की बाधा डालना गंभीर अपराध है और दोषियों की पहचान कर उनके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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