अल्मोड़ा , अप्रैल 19 -- उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने पर्वतीय क्षेत्रों में रोजगार और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए रविवार को अल्मोड़ा जनपद के पड़ोलिया में पिरूल (चीड़ की सूखी पत्तियां) आधारित बायोमास उत्पादन इकाई का उद्घाटन किया।

इस अवसर पर श्रीमती आर्या ने कहा कि पिरूल आधारित इस बायोमास उद्योग के स्थापित होने से स्थानीय स्तर पर खासकर महिलाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा पहले ही ऐसी नीति तैयार की जा चुकी है, जिसके तहत पिरूल एकत्रित करने वाली महिलाओं के हितों का संरक्षण सुनिश्चित किया गया है।

उन्होंने कहा कि पहाड़ों में बड़ी मात्रा में उपलब्ध पिरूल अब तक जंगलों में आग लगने का एक प्रमुख कारण बनता रहा है। इस यूनिट के माध्यम से पिरूल का व्यावसायिक उपयोग बढ़ेगा, जिससे जंगलों में आग की घटनाओं में कमी आएगी। साथ ही, यह पहल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण साबित होगी।

कैबिनेट मंत्री ने बताया कि पिरूल से तैयार बायोमास ईंधन उद्योगों के लिए एक वैकल्पिक और पर्यावरण अनुकूल ऊर्जा स्रोत के रूप में उपयोगी साबित होगा। इससे न केवल स्थानीय उद्योगों को ऊर्जा के नए विकल्प मिलेंगे, बल्कि जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता भी कम होगी।

इस दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। लोगों ने इस पहल को क्षेत्र के विकास और रोजगार सृजन के लिए एक सकारात्मक कदम बताया।

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