मोतिहारी , जुलाई 06 -- बिहार के पूर्वी चंपारण जिले के आदापुर थाना में तैनात दो चौकीदारों के खिलाफ रिश्वत लेने और हथियार के बल पर धमकी देने के आरोप में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम सहित भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच में आरोपों को प्रथम दृष्टया सत्य पाए जाने के बाद यह कार्रवाई की है।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार, आवेदनकर्ता ने आदापुर थाना में दिए गए आवेदन के साथ ऑडियो एवं वीडियो साक्ष्य प्रस्तुत किए थे। आरोप लगाया गया था कि चौकीदार संख्या 1/9 भरत कुमार पासवान तथा चौकीदार संख्या 1/12 हरिशंकर कुमार उर्फ ललन पटेल ने शराब से संबंधित एक मामले में आवेदनकर्ता का नाम प्राथमिकी में शामिल नहीं करने के एवज में 32 हजार रुपये की रिश्वत ली।
आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया कि एक अन्य मामले में 40 हजार रुपये की मांग की गई। राशि नहीं देने पर दोनों आरोपियों ने देशी कट्टा सटाकर आवेदनकर्ता को किसी अन्य मुकदमे में फंसाकर जेल भेजने की धमकी दी। इन आरोपों के समर्थन में ऑडियो और वीडियो साक्ष्य भी उपलब्ध कराए गए।
पुलिस द्वारा प्रस्तुत इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की विस्तृत जांच की गई। जांच में आरोप प्रथम दृष्टया सत्य पाए जाने के बाद दोनों चौकीदारों के विरुद्ध आदापुर थाना कांड संख्या 231/26, दिनांक 05 जुलाई 2026 दर्ज किया गया।
पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 59(ए), 61(2)(ए), 351(2), 351(3), 217(बी), 3(5) तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 7, 8, 9, 10, 13(2), 14 एवं 15 के तहत मामला दर्ज कर अग्रिम कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की विवेचना जारी है तथा उपलब्ध साक्ष्यों और अन्य तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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