रायगढ़ , मार्च 31 -- छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में राज्य शासन की सुशासन और पारदर्शिता की अवधारणा को आगे बढ़ाते हुए जिला प्रशासन ने भू-अर्जन के तहत मुआवजा भुगतान प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन कर एक अभिनव पहल शुरू की है।
यह व्यवस्था रायगढ़ अनुविभाग में 26 सितंबर 2025 से लागू की गई है, जिससे प्रभावित किसानों को मुआवजा और पुनर्वास राशि सीधे उनके बैंक खातों में अंतरित की जा रही है।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार 26 सितंबर 2025 से 30 मार्च 2026 तक कुल 156 किसानों को मुआवजा राशि के रूप में नौ करोड़ 82 लाख 45 हजार 952 रुपये तथा 307 किसानों को पुनर्वास और बोनस मद में पांच करोड़ 67 लाख 25 हजार 273 रुपये का भुगतान किया जा चुका है। इस तरह कुल 463 किसानों को 15 करोड़ 49 लाख 71 हजार 225 रुपये की राशि सीधे उनके खातों में जमा कराई गई है।
पूर्व में भू-अर्जन की राशि चेक के माध्यम से दी जाती थी, जिससे किसानों को बैंक और कार्यालयों के बार-बार चक्कर लगाने पड़ते थे। नई ऑनलाइन प्रणाली लागू होने के बाद अब किसानों को बिना किसी बाधा के त्वरित और पारदर्शी भुगतान मिल रहा है, जिससे समय और श्रम दोनों की बचत हो रही है। किसानों ने इस पहल को सराहनीय बताते हुए कहा कि अब राशि सीधे खाते में आने से उन्हें काफी सुविधा हुई है।
रायगढ़ के एसडीएम महेश शर्मा ने बताया कि कलेक्टर के निर्देश पर प्रशासनिक सुधार के तहत विशेष अभियान चलाया गया था, जिसके तहत एक अक्टूबर 2025 से ऑनलाइन मुआवजा भुगतान प्रक्रिया को प्रभावी रूप से लागू किया गया। उन्होंने बताया कि अब तक 463 किसानों को 15 करोड़ 49 लाख रुपये से अधिक की राशि ऑनलाइन माध्यम से भुगतान की जा चुकी है। आगे भी इस व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा ताकि किसानों को पारदर्शी और त्वरित सेवाएं मिलती रहें।
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