रायपुर , जून 25 -- छत्तीसगढ़ सरकार ने रायगढ़ जिले के खनन प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, पशु चिकित्सा तथा आधारभूत अधोसंरचना के विकास के लिए जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) मद से 26 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न परियोजनाओं को मंजूरी दी है।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार, वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी के प्रयासों से स्वीकृत इन परियोजनाओं का उद्देश्य खनन प्रभावित क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं का विस्तार करना और ग्रामीणों के जीवन स्तर में सुधार लाना है।
स्वीकृत कार्यों में सबसे बड़ी परियोजना रायगढ़ शहर के विजयपुर क्षेत्र में 16 करोड़ 73 लाख 27 हजार रुपये की लागत से 100 बिस्तरों वाले सीनियर सिटीजन हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर का निर्माण है। इसके अलावा लैलूंगा, धरमजयगढ़, घरघोड़ा और तमनार विकासखंड के विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों के निर्माण एवं उन्नयन के लिए 9 करोड़ 52 लाख 71 हजार रुपये से अधिक की राशि स्वीकृत की गई है।
पशुधन संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए रायगढ़ विकासखंड के पतरापाली सहित विभिन्न गांवों में नए पशु चिकित्सालय भवन बनाए जाएंगे। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल सुविधा सुदृढ़ करने के लिए लैलूंगा, तमनार, घरघोड़ा और रायगढ़ विकासखंड के विभिन्न गांवों में नलकूप खनन एवं पंप स्थापना के कार्यों को भी मंजूरी दी गई है।
शिक्षा एवं पोषण सुविधाओं के विस्तार के तहत तमनार विकासखंड के पेलमा और लालपुर में नए आंगनबाड़ी भवन तथा पेलमा और खर्रा में प्राथमिक शाला भवनों का निर्माण कराया जाएगा। इसके अतिरिक्त रायगढ़ विकासखंड के लामीदरहा में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) भवन के निर्माण को भी स्वीकृति दी गई है।
जिला प्रशासन ने संबंधित निर्माण एजेंसियों को सभी कार्य समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्वक पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। सरकार का कहना है कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से खनन प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल तथा अन्य बुनियादी सुविधाओं का विस्तार होगा और हजारों परिवारों को इसका लाभ मिलेगा।
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