शिमला , जुलाई 07 -- हिमाचल प्रदेश कांग्रेस ने अयोध्या में राम मंदिर के लिए दिये गये चंदे में हेराफेरी के खिलाफ मंगलवार को विरोध प्रदर्शन किया।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने प्रदर्शन का नेतृत्व किया। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर चुनावी फायदे के लिए मंदिर के राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया।
विरोध मार्च इंदिरा गांधी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स से शुरू होकर राम बाजार स्थित राम मंदिर पर समाप्त हुआ, जहां कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने मंदिर के चंदे के रखरखाव में गड़बड़ियों के खिलाफ नारेबाजी की। मार्च के बाद मुख्यमंत्री ने कैबिनेट मंत्रियों और विधायकों के साथ मंदिर में पूजा-अर्चना की और हवन कार्यक्रम में भाग लिया।
सभा को संबोधित करते हुए श्री सुक्खू ने कहा कि देश भर के करोड़ों श्रद्धालुओं ने अपनी आस्था और सामर्थ्य के अनुसार राम मंदिर निर्माण के लिए दान दिया था। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने इस मुद्दे को राजनीतिक हथियार बना दिया है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रव्यापी धन संग्रह अभियान के दौरान उन्होंने खुद भी मंदिर के लिए दान दिया था।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राम मंदिर के उद्घाटन के दौरान जहां कई जगहों पर आधे दिन की छुट्टी रखी गयी थी, वहीं हिमाचल प्रदेश सरकार ने राज्य के लोगों के मन में भगवान राम के प्रति गहरी श्रद्धा के मद्देनजर पूरे दिन की छुट्टी घोषित की थी। उन्होंने कहा कि भगवान राम के आदर्श आज भी उनकी सरकार के कामकाज और जनसेवा का मार्गदर्शन कर रहे हैं।
श्री सुक्खू ने आरोप लगाया कि चंदे के दुरुपयोग के लिए जिम्मेदार लोगों ने करोड़ों भक्तों के आस्था के साथ विश्वासघात किया है। उन्होंने कहा कि जनता के भरोसे के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी कदम का कड़ा विरोध किया जाना चाहिए। इस मामले को भावनात्मक मुद्दा बताते हुए उन्होंने कहा कि राज्य मंत्रिमंडल के सदस्यों ने प्रार्थना की है कि इसके लिए जिम्मेदार लोगों को सही रास्ता मिले। इसके साथ ही उन्होंने धर्म के नाम पर चंदा इकट्ठा करने वालों से ईमानदारी और निष्ठा से काम करने का आग्रह किया।
मुख्यमंत्री ने यह दावा भी किया कि पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी को उस प्रक्रिया की शुरुआत करने का श्रेय दिया जाना चाहिए, जिसके कारण अंततः राम मंदिर का निर्माण हुआ। उन्होंने श्री राजीव गांधी के कार्यकाल के दौरान राम जन्मभूमि स्थल पर ताले खोले जाने का जिक्र किया।
उन्होंने जोर दिया कि कांग्रेस भगवान राम और हिंदू परंपराओं में गहरी आस्था रखती है, लेकिन राजनीतिक उद्देश्यों के लिए धार्मिक भावनाओं का फायदा उठाने में विश्वास नहीं करती। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा राजनीतिक लाभ के लिए भगवान राम के नाम का इस्तेमाल करती है।
बाद में श्री सुक्खू ने जाखू मंदिर का दौरा किया, जहां उन्होंने पूजा-अर्चना की और हनुमान चालीसा का पाठ किया।
विरोध प्रदर्शन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार, स्वास्थ्य मंत्री धनी राम शांडिल, उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान, ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह, लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह, नगर एवं ग्राम नियोजन (टाउन एंड कंट्री प्लानिंग) मंत्री राजेश धरमानी और कई विधायकों, पार्टी पदाधिकारियों तथा वरिष्ठ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाग लिया।
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