पटना , मई 22 -- बिहार सरकार ने सात निश्चय-3 के तहत "समृद्ध उद्योग-सशक्त बिहार" अभियान को गति देते हुए राज्य में चीनी उद्योग एवं गन्ना आधारित अर्थव्यवस्था के पुनरुद्धार की दिशा में व्यापक कार्ययोजना तैयार की है। सरकार बंद पड़ी चीनी मिलों को फिर से चालू करने के साथ-साथ 25 नई चीनी मिलों की स्थापना की तैयारी में जुटी है।
गन्ना उद्योग विभाग द्वारा नई चीनी मिलों की स्थापना, निवेश प्रोत्साहन, तकनीकी सहयोग, गन्ना क्षेत्र विस्तार तथा किसानों की आय वृद्धि को केंद्र में रखकर कार्य किया जा रहा है। इस महत्वाकांक्षी पहल की निगरानी एवं क्रियान्वयन के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समिति का गठन किया गया है, जो विभिन्न परियोजनाओं एवं निवेश प्रस्तावों की नियमित समीक्षा कर रही है।
राज्य सरकार एवं सहकारिता विभाग द्वारा राष्ट्रीय सहकारी शक्कर कारखाना संघ (एनएफसीएसएफ), नई दिल्ली के साथ महत्वपूर्ण समझौता (एमओयू) किया गया है। इस समझौते के अंतर्गत बंद पड़ी सकरी एवं रैयाम चीनी मिलों की तकनीकी एवं आर्थिक संभावनाओं का विस्तृत अध्ययन कराया गया है। एनएफसीएसएफ द्वारा दोनों चीनी मिलों की संभाव्यता फिजिब्लिटी रिपोर्ट तैयार कर ली गई है। गत दिनों मुख्य सचिव की अध्यक्षता में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में सकरी एवं रैयाम चीनी मिलों के पुनः संचालन हेतु इंडियन पोटाश लिमिटेड से प्रस्ताव आमंत्रित किए गए हैं।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित