पटना , मई 22 -- ाज्य के राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने राज्य में राजस्व प्रशासन को और अधिक जवाबदेह तथा प्रभावी बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। विभाग की ओर से जारी निर्देश के अनुसार 25 मई 2026 से 11 जून 2026 तक राज्य के सभी जिलों की प्रतिदिन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) के माध्यम से समीक्षा की जाएगी। समीक्षा स्वयं राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल द्वारा की जाएगी।
अपर सचिव आजीव वत्सराज द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि प्रत्येक कार्य दिवस में तीन जिलों के साथ अलग-अलग सत्रों में समीक्षा होगी। बैठक तीन पालियों में आयोजित होगी। पहली पाली शाम 04 बजे से 05 बजे तक, दूसरी पाली 05 बजे से 06 बजे तक तथा तीसरी पाली 06 बजे से 07 बजे तक चलेगी।
सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिए गये हैं कि वे स्वयं समीक्षा बैठक में शामिल हों तथा बंदोबस्त पदाधिकारी, अपर समाहर्त्ता, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, भूमि सुधार उप समाहर्त्ता, अंचलाधिकारी, राजस्व पदाधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारियों की उपस्थिति सुनिश्चित करें। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि समीक्षा के समय सभी अद्यतन प्रतिवेदन उपलब्ध रखने होंगे।
राजस्व विभाग द्वारा जारी कार्यसूची के अनुसार समीक्षा के दौरान ऑनलाइन दाखिल-खारिज के डिफेक्ट चेक और लंबित मामलों के निष्पादन की स्थिति पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इसके अलावा परिमार्जन प्लस के अंतर्गत डिजिटाइज जमाबंदी के शुद्धिकरण और छूटी हुई जमाबंदियों के डिजिटाइजेशन की प्रगति की भी समीक्षा होगी। ई-मापी, अभियान बसेरा और सरकारी भूमि सत्यापन से जुड़े कार्यों की स्थिति भी जांची जाएगी। वहीं राजस्व महा-अभियान के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों को स्कैन कर अपलोड करने तथा उनकी ऑनलाइन एंट्री की प्रगति को भी समीक्षा में शामिल किया गया है। इसके अतिरिक्त लोक भूमि अतिक्रमण से जुड़े मामलों में की गई कार्रवाई, विभागीय जन शिकायत पोर्टल पर प्राप्त आवेदनों के निष्पादन, सहयोग शिविरों में प्राप्त आवेदनों की स्थिति तथा फॉर्मर रजिस्ट्री अभियान की वर्तमान प्रगति की भी विस्तार से समीक्षा की जाएगी।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित