जयपुर , जुलाई 19 -- राजस्थान की उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री दिया कुमारी ने कहा है कि राजस्थान को अब केवल छह महीने नहीं, बल्कि वर्ष पर्यन्त वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित किया जाना चाहिए।
श्रीमती दिया कुमारी रविवार को जयपुर के कूकस में आयोजित 'इंटरनेशनल वेडिंग एंड टूरिज्म कॉन्क्लेव' (आईडब्ल्यूटीसी) को संबोधित कर रही थी। उन्होंने कहा कि इसके लिए जयपुर, जोधपुर और उदयपुर के साथ-साथ शेखावाटी, जैसलमेर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, भरतपुर और पुष्कर जैसे पर्यटन स्थलों को भी वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने पर बल दिया जाये।
उन्होंने कहा कि जयपुर, जोधपुर और उदयपुर डेस्टिनेशन वेडिंग के लिए पहले से ही विश्व प्रसिद्ध हैं, लेकिन राजस्थान की ब्रांड पहचान को और विस्तार देने के लिए अन्य पर्यटन स्थलों को भी इस मानचित्र पर लाना आवश्यक है। शेखावाटी की हवेलियां, जैसलमेर का रेगिस्तान, बांसवाड़ा-डूंगरपुर की प्राकृतिक सुंदरता, भरतपुर का वन्यजीव और पुष्कर की धार्मिक आभा- ये सभी स्थल वेडिंग टूरिज्म के लिए बेहतरीन विकल्प बन सकते हैं।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि वेडिंग टूरिज्म को वर्षभर बढ़ावा मिलने से स्थानीय कारीगरों, होटल, ट्रांसपोर्ट और इवेंट इंडस्ट्री से जुड़े लोगों को रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। इससे राज्य की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
इस अवसर पर आंध्र प्रदेश के पर्यटन मंत्री कुंडला दुर्गेश ने कहा कि आंध्र प्रदेश पर्यटन को आईडब्ल्यूटीसी का आधिकारिक भागीदार बनने पर गर्व है। हमारा उद्देश्य राज्य के समुद्री तटों, आध्यात्मिक स्थलों और सांस्कृतिक धरोहर को वैश्विक वेडिंग एवं पर्यटन उद्योग से जोड़ना है। इस तरह के मंच राज्यों के बीच सहयोग और पर्यटन विकास के नये अवसर पैदा करते हैं।
उन्होंने कहा कि सम्मेलन का उद्देश्य भारत और दुनिया के पर्यटन बोर्ड, होटल इंडस्ट्री, वेडिंग प्लानर और इवेंट प्रोफेशनल्स को एक साझा मंच उपलब्ध कराना है जहां वे नए बिजनेस अवसरों और वैश्विक साझेदारी पर चर्चा कर सकें।
आईडब्ल्यूटीसी के निदेशक अरशद हुसैन ने बताया कि वेडिंग और पर्यटन उद्योग के बदलते स्वरूप, वैश्विक अवसरों तथा उभरती तकनीकों पर मंथन करने और दुनिया भर के पर्यटन बोर्डों, होटल इंडस्ट्री, वेडिंग प्लानर, इवेंट प्रोफेशनल्स एवं संबंधित हितधारकों को एक मंच प्रदान करने के उद्देश्य से आईडब्ल्यूटीसी सीजन-3 का आयोजन किया गया। श्री हुसैन ने बताया कि इस दो दिवसीय सम्मेलन का उद्घाटन श्रीमती दिया कुमारी और श्री दुर्गेश ने किया।
उन्होंने बताया कि देश-विदेश से आये 600 से अधिक प्रतिनिधि वेडिंग, पर्यटन और हॉस्पिटैलिटी उद्योग के भविष्य, डेस्टिनेशन वेडिंग्स, नवाचार, वैश्विक सहयोग और नये व्यावसायिक अवसरों पर विचार-विमर्श कर रहे हैं।
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