प्रयागराज , अगस्त 27 -- उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (यूपीईएसएससी) ने यूपी टीईटी-2026 का परिणाम बुधवार रात जारी कर दिया। आयोग ने रात करीब नौ बजे परीक्षा के आंकड़े जारी किए। प्राथमिक (कक्षा एक से पांच) और उच्च प्राथमिक (कक्षा छह से आठ) स्तर की परीक्षा में कुल 13 लाख से अधिक अभ्यर्थी सफल घोषित किए गए हैं।

आयोग के अनुसार प्राथमिक स्तर की परीक्षा में 7,13,648 अभ्यर्थी शामिल हुए थे, जिनमें 5,71,435 अभ्यर्थी सफल रहे। इस स्तर का उत्तीर्ण प्रतिशत 80.07 रहा। वहीं, उच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा में 10,57,021 अभ्यर्थी शामिल हुए, जिनमें 7,59,513 अभ्यर्थियों ने सफलता हासिल की। इस स्तर का उत्तीर्ण प्रतिशत 71.85 रहा।

अपनी नौकरी बचाने के लिए टीईटी में शामिल हुए 2,68,799 कार्यरत शिक्षकों में से 2,06,771 शिक्षक सफल हुए, जबकि 62,028 शिक्षक परीक्षा में सफल नहीं हो सके। सरकार इन शिक्षकों को एक और अवसर देने के लिए विशेष टीईटी परीक्षा कराने की तैयारी कर रही है।

प्राथमिक स्तर की परीक्षा में शामिल 1,22,405 कार्यरत शिक्षकों में से 93,387 सफल हुए। इनका सफलता प्रतिशत 76.29 रहा। इसी तरह उच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा में शामिल 1,46,394 कार्यरत शिक्षकों में से 1,13,384 शिक्षक सफल घोषित किए गए। इनका सफलता प्रतिशत 77.45 रहा।

यूपी टीईटी-2026 का आयोजन दो, तीन और चार जुलाई को प्रदेश के 60 जिलों में बनाए गए 955 परीक्षा केंद्रों पर किया गया था। परीक्षा पांच पालियों में हुई थी। इनमें दो पालियां प्राथमिक और तीन पालियां उच्च प्राथमिक स्तर के लिए आयोजित की गई थीं। परीक्षा के लिए कुल 19,94,661 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया था।

आयोग के उप सचिव मनोज कुमार ने बताया कि परीक्षा कई पालियों में आयोजित होने और अभ्यर्थियों की बड़ी संख्या को देखते हुए अलग-अलग पालियों के प्रश्नपत्रों के कठिनाई स्तर में अंतर को बराबर करने के लिए नॉर्मलाइजेशन (समानीकरण) प्रक्रिया अपनाई गई। इसी प्रक्रिया के आधार पर अभ्यर्थियों के अंकों को समान स्तर पर लाकर अंतिम परिणाम तैयार किया गया।

अभ्यर्थी अपना परिणाम, स्कोरकार्ड और कटऑफ आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर देख सकते हैं। आयोग की ओर से तकनीकी सहायता और अन्य जानकारी के लिए हेल्पलाइन एवं ई-मेल सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।

इस बीच, केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (सीटेट) की तारीख भी बदल गई है। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) अब सीटेट परीक्षा छह सितंबर को आयोजित करेगा। यूपी टीईटी में असफल रहने वाले कार्यरत शिक्षक भी इसमें शामिल हो सकेंगे। सीटेट उत्तीर्ण करने पर उनकी नौकरी पर खतरा नहीं रहेगा। सीटेट के लिए आवेदन की अंतिम तिथि एक सितंबर निर्धारित है।

वहीं, राज्य सरकार यूपी टीईटी में असफल रहे कार्यरत शिक्षकों के लिए विशेष टीईटी परीक्षा कराने की तैयारी में है। इसमें शिक्षकों को परीक्षा उत्तीर्ण करने का एक और अवसर मिल सकता है। विशेष परीक्षा का नोटिफिकेशन सितंबर में जारी होने की उम्मीद है।

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