इटावा , सितंबर 15 -- उत्तर प्रदेश किसान सभा के महामंत्री मुकुट सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि मोदी-योगी सरकार बड़े पूंजीपतियों की सबसे बड़ी हितैषी है।
श्री सिंह मंगलवार को इटावा मुख्यालय स्थित सदर तहसील परिसर में महंगाई, जलभराव, खाद की किल्लत और भ्रष्टाचार समेत विभिन्न समस्याओं को लेकर किसान सभा के प्रांतीय आह्वान पर आयोजित प्रदर्शन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार की नीतियों और कथित वादाखिलाफी ने जनता का जीवन और कठिन बना दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार किसानों और मजदूरों के हितों के खिलाफ काम कर रही है तथा जनता को सांप्रदायिकता के आधार पर बांटकर वास्तविक मुद्दों से ध्यान हटाया जा रहा है।
किसान सभा नेता ने कहा कि अब जनता जागरूक हो चुकी है। दिल्ली में किसानों और छात्रों के आंदोलनों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि आंदोलन ही सरकार को अपनी मांगों पर विचार करने के लिए मजबूर करने का प्रभावी रास्ता है। उन्होंने किसानों, मजदूरों, महिलाओं, युवाओं, छात्रों और बुद्धिजीवियों से संविधान, लोकतंत्र, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और जीविका की रक्षा के लिए एकजुट होकर आंदोलन करने की अपील की।
प्रदर्शन के बाद कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी को सौंपा और समस्याओं का समाधान नहीं होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी दी। ज्ञापन में खाद्य पदार्थों, चीनी, प्याज, तेल और रसोई गैस की कीमतें कम करने, खुले बाजार में चीनी 40 रुपये प्रति किलोग्राम उपलब्ध कराने तथा राशन कार्ड पर पूर्व की भांति नियंत्रित दर पर चीनी उपलब्ध कराने की मांग की गई। जलभराव से निजात के लिए नालों और नालियों की सफाई, अघोषित बिजली कटौती रोकने, बिजली बिलों में कथित हेराफेरी पर अंकुश लगाने और स्मार्ट मीटर लगाने पर रोक की मांग भी की गई।
इसके अलावा डीएपी और यूरिया की पर्याप्त उपलब्धता, फार्मर रजिस्ट्री की शर्त हटाने, जिला अस्पताल में संचारी रोगों और जानलेवा बुखार से बचाव के प्रभावी इंतजाम, पशुओं का टीकाकरण तथा आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे के किनारे नगला बरी में कथित अवैध शराब ठेका बंद कराने की मांग उठाई गई।
ज्ञापन में तहसील में दाखिल-खारिज, हिस्साकशी तथा आय-जाति प्रमाण पत्रों के मामलों में रिश्वतखोरी पर रोक लगाने और शेखूपुर-जखौली में भूमि अधिग्रहण का उचित मुआवजा देने की मांग भी की गई। किसानों ने उनवा, संतोषपुर और जखौली के लेखपालों को हटाने की मांग की।
प्रदर्शन को किसान सभा के जिलामंत्री संतोष शाक्य, रसोइया यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष अमर सिंह शाक्य, आशा यूनियन की प्रदेश महामंत्री संगीता कश्यप, विवेक यादव, गोपेश यादव, अनुराग, कमलेश यादव, नरेंद्र यादव, साहूकार सिंह, यशपाल सिंह उर्फ छोटे, शकुंतला राजपूत और नीलम यादव ने संबोधित किया।
अध्यक्षता डॉ. शौकीन सिंह और सुमित्रा शाक्य के अध्यक्ष मंडल ने की, जबकि संचालन संतोष शाक्य ने किया। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान, मजदूर और महिलाएं शामिल हुईं। मौके पर पहुंचे उपजिलाधिकारी और तहसीलदार सदर ने ज्ञापन ग्रहण कर यथासंभव कार्रवाई का आश्वासन दिया।
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