भिण्ड , अक्टूबर 08 -- मध्यप्रदेश के भिण्ड जिले में मेडिकल स्टोरों पर नियमों की अनदेखी रोकने के लिए औषधि विभाग ने बुधवार को सघन जांच अभियान चलाया। औषधि निरीक्षक डॉ. आकांक्षा गरुड़ ने भिण्ड सिटी और गोहद अनुभाग में 12 से अधिक मेडिकल स्टोरों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान लाइसेंस, पंजीकृत फार्मासिस्ट की मौजूदगी, दवाओं के स्टॉक और रखरखाव की जांच की गई। मौ स्थित अनमोल मेडिकल एजेंसी का लाइसेंस निरस्त किया गया, जबकि चार फर्मों को नोटिस जारी किए गए। दवाओं की गुणवत्ता जांचने के लिए पांच नमूने भी लिए गए।
औषधि निरीक्षक ने भिण्ड सिटी में देव मेडिकल स्टोर, बीएमएच फार्मेसी, ओझा मेडिकल स्टोर, सिंघई मेडिकल स्टोर और देव मेडिकल एजेंसी सहित कई प्रतिष्ठानों की जांच की। गोहद तहसील क्षेत्र में साक्षी मेडिकल स्टोर, राठौर मेडिकल स्टोर, राज मेडिकल स्टोर, नारायण मेडिकल स्टोर और गुरु कृपा मेडिकल स्टोर सहित अन्य दुकानों का भी निरीक्षण किया गया। जांच के दौरान बीएमएच फार्मेसी पर पंजीकृत फार्मासिस्ट मौजूद नहीं मिला, जिस पर फर्म को नोटिस जारी किया गया।
देव मेडिकल एजेंसी, सौरभ ट्रेडर्स और स्वागत ट्रेडर्स से दवाओं की खरीदी-बिक्री का रिकॉर्ड तीन दिन के भीतर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। निर्धारित समय में रिकॉर्ड नहीं देने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। मौ स्थित अनमोल मेडिकल एजेंसी का लाइसेंस निरस्त किया गया। वहीं दवाओं की गुणवत्ता की जांच के लिए लिए गए पांच नमूने भोपाल स्थित औषधि प्रयोगशाला भेजे गए हैं।
निरीक्षण के दौरान मेडिकल स्टोर संचालकों को लाइसेंस प्रमुख स्थान पर प्रदर्शित करने और पंजीकृत फार्मासिस्ट की मौजूदगी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। एक्सपायरी दवाओं के लिए अलग व्यवस्था रखने तथा स्टॉक रजिस्टर नियमित रूप से संधारित करने को कहा गया। फ्रिज में रखी जाने वाली दवाओं के उचित रखरखाव और शेड्यूल दवाओं की बिक्री पंजीकृत चिकित्सक के पर्चे के बिना नहीं करने की हिदायत भी दी गई। डॉ. आकांक्षा गरुड़ ने कहा कि नियमों का उल्लंघन मिलने पर संबंधित मेडिकल स्टोर के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित