मुजफ्फरपुर , अक्टूबर 26 -- बिहार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने सोमवार को मुजफ्फरपुर से 'खेत बचाओ अभियान-सह-कृषि जन कल्याण संवाद' का शुभारंभ करते हुए कहा कि खेत बचाना, जीवन बचाना है।
श्री सिन्हा ने कहा कि खेत सुरक्षित होंगे, मिट्टी स्वस्थ होगी और किसान समृद्ध होंगे, तभी विकसित भारत का सपना साकार होगा। उन्होंने किसानों से खेतों के संरक्षण के लिए अभियान को जन-आंदोलन बनाने और इसमें सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की।
कृषि मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प के अनुरूप खेतों का संरक्षण समय की मांग है। केंद्र सरकार के आह्वान पर 22 अक्टूबर से देशव्यापी खेत बचाओ अभियान शुरू किया गया है। बिहार में भी इसे जनभागीदारी के माध्यम से गांव-गांव तक पहुंचाया जा रहा है। यह अभियान 30 नवंबर 2026 तक संचालित होगा।
श्री सिन्हा ने कहा कि खेत बचाओ अभियान किसानों की समृद्धि, मिट्टी के संरक्षण, महिला उद्यमिता, युवाओं के रोजगार और श्रमिकों के सम्मान को एक साथ जोड़ने का महत्वपूर्ण प्रयास है। इसका उद्देश्य कृषि को सशक्त बनाना, गांवों को समृद्ध करना और बिहार को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाना है।
उन्होंने कहा कि आवश्यकता से अधिक रासायनिक उर्वरकों का इस्तेमाल खेती की लागत बढ़ाने के साथ मिट्टी के स्वास्थ्य को भी प्रभावित कर सकता है। किसानों को मिट्टी की जांच, मृदा स्वास्थ्य कार्ड में दी गई अनुशंसाओं और वैज्ञानिक सलाह के आधार पर उर्वरकों का संतुलित उपयोग करना चाहिए। उन्होंने कहा कि महत्वपूर्ण यह नहीं है कि खेत में कितनी खाद डाली गई, बल्कि यह है कि मिट्टी की जरूरत के अनुसार उसका कितना सही इस्तेमाल किया गया।
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