मुंबई , अक्टूबर 21 -- मुंबई में मीरा-भायंदर नगर निगम (एमबीएमसी) के एक सफाई कर्मचारी की मीरा-भायंदर के चेना जंगल इलाके में कथित रूप से गोली मारकर हत्या कर दी गई है।
पुलिस ने बुधवार को बताया कि यह घटना कथित तौर पर जंगली सूअर के अवैध शिकार के दौरान हुई, जिसमें दो अन्य लोग घायल भी हुए हैं। मृतक की पहचान चेना गांव के वेलकारी पाड़ा निवासी विजय सुख्रू सपाटे (60) के रूप में हुई है।
उन्होंने बताया कि शुरुआती जांच के अनुसार गत 19 अक्टूबर की रात छह लोग जंगली सूअर का शिकार करने के इरादे से जंगल में गए थे। बताया जा रहा है कि आधी रात के आसपास यह समूह दो टीमों में बंट गया। अंधेरे में टॉर्च की रोशनी को किसी जंगली जानवर की आंखें समझ लिया गया, जिसके बाद गोली चलाई गई जो सपाटे को जा लगी। उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घायल हुए दो लोगों की पहचान कल्पेश ढगला और कुणाल शेलार के रूप में हुई है।
पुलिस ने इस मामले में डॉ. राजेश पालंडे सहित छह लोगों को गिरफ्तार किया है। जांचकर्ता इस बात की भी पड़ताल कर रहे हैं कि सपाटे की मौत के मामले में जारी किए गए मृत्यु प्रमाण पत्र में मौत का कारण दिल का दौरा क्यों बताया गया था।
जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्या प्रमाण पत्र में मौत के असली कारणों को सही ढंग से दर्ज किया गया था, या फिर गोलीबारी की घटना को छिपाने की कोशिश की गई थी। इस दस्तावेज को जारी करने में डॉक्टर की भूमिका की जांच की जा रही है और अधिकारियों से इस बारे में अधिक जानकारी का इंतजार है।
पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि गोली किसने चलाई, क्या हथियार का वैध लाइसेंस था और यह समूह हथियारों के साथ जंगल में कैसे दाखिल हुआ। शिकार की इस कथित घटना ने वन्यजीव संरक्षण कानूनों के पालन पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सूत्रों के अनुसार पालंडे का संबंध महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना से है और वे परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक के करीबी बताए जाते हैं। हालांकि पुलिस ने इन कथित राजनीतिक संबंधों को किसी गलत काम के सबूत के तौर पर पेश नहीं किया है। मामले की आगे की जांच जारी है।
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