मुंबई , सितंबर 16 -- महाराष्ट्र में मराठा आरक्षण आंदोलन के नेता मनोज जरांगे पाटिल ने बुधवार को राज्य सरकार को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि अगर राज्य सरकार ने शुक्रवार(18 सितंबर) को उन्हें मुंबई में प्रवेश करने से रोका, तो वह भारी संख्या में पूरे मराठा समाज को राजधानी में जुटने का आह्वान करेंगे।

संवाददाताओं से बातचीत करते हुए श्री जरांगे पाटिल ने राज्य सरकार के मराठा समाज की 13 में से 12 मांगें स्वीकार किए जाने के दावों पर कड़ा ऐतराज जताते हुए कहा कि अगर हैदराबाद गजट के अनुसार जाति प्रमाण पत्र नहीं मिल रहे हैं या वे मान्य नहीं हो रहे हैं, तो ऐसी मांगें स्वीकार करने का कोई औचित्य नहीं है। उन्होंने मांग की कि हैदराबाद गजट से संबंधित सरकारी संकल्प में संशोधन किया जाए और 9 सितंबर को वैश्यवाणी, वाणी तथा हिंदू वैश्यवाणी समुदायों के लिए जारी संशोधित जीआर की तर्ज पर मराठा समुदाय के लिए भी संशोधित शासनादेश जारी किया जाए।

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