श्रीनगर , अगस्त 14 -- कश्मीर के मुख्य मौलवी और हुर्रियत प्रमुख मीरवाइज उमर फारूक ने शुक्रवार को कहा कि उन्हें एक बार फिर नजरबंद कर दिया गया है और श्रीनगर की ऐतिहासिक जामिया मस्जिद में शुक्रवार की नमाज अदा करने जाने से रोक दिया गया है।

सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में मीरवाइज ने बताया कि यह नयी पाबंदी पवित्र महीने रबी-उल-अव्वल की पूर्व संध्या पर लगायी गयी है। उन्होंने जम्मू-कश्मीर में अधिकारियों द्वारा 'सामान्य स्थिति' के किए जा रहे दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि उन्हें बार-बार श्रीनगर की जामा मस्जिद में नमाज अदा करने से रोकना प्रशासन के इन आधिकारिक दावों की विश्वसनीयता को खत्म करता है। उन्होंने कहा, " अगर अधिकारी खुद अपने सामान्य स्थिति के दावों पर इतना भरोसा नहीं करते कि मुझे बार-बार जामा मस्जिद जाने से रोकते हैं, तो उस दावे की क्या साख रह जाती है?" प्रशासन की ओर से मीरवाइज पर लगायी गयी पाबंदियों का तत्काल कोई आधिकारिक कारण नहीं बताया गया। इससे पहले भी कई मौकों पर, विशेष रूप से शुक्रवार के दिन, उन पर ऐसी ही पाबंदियां लगाई जाती रही हैं, जिससे वे ऐतिहासिक जामिया मस्जिद में नमाज अदा करने और लोगों को संबोधित करने से वंचित रहे हैं।

इस बीच, मीरवाइज ने एक बयान जारी कर जम्मू-कश्मीर और दुनिया भर के मुसलमानों को रबी-उल-अव्वल के मुबारक महीने की बधाई दी।

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