आइजोल , जून 24 -- मिजोरम में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत गणना फॉर्मों के डिजिटलीकरण का काम लगभग पूरा हो चुका है।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) कार्यालय के अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि राज्य भर में यह काम 99.96 प्रतिशत तक पहुंच गया है।

अधिकारियों के अनुसार, आइजोल और लॉन्गतलाई को छोड़कर बाकी सभी नौ जिलों ने गणना फॉर्मों का 100 प्रतिशत डिजिटलीकरण पूरा कर लिया है। लॉंगतलाई में 99.99 प्रतिशत और आइजोल में 99.89 प्रतिशत डिजिटलीकरण दर्ज किया गया है। आज शाम चार बजे तक, साल 2025 की मतदाता सूची में दर्ज कुल 8 लाख, 75 हजार, 68 मतदाताओं में से 8 लाख, 74 हजार, 728 मतदाताओं के फॉर्म डिजिटल किये जा चुके थे।

अधिकारियों ने बताया कि विभिन्न कारणों से 46,434 मतदाताओं (कुल मतदाताओं का 5.31 प्रतिशत) के फॉर्म जमा नहीं किए जा सके। इनमें से 21,194 मतदाताओं (45.64 प्रतिशत) की मृत्यु हो चुकी है, जबकि 14,179 मतदाता (30.53 प्रतिशत) अपने मूल निवास स्थान से स्थायी रूप से दूसरी जगह चले गए हैं।

अधिकारियों ने बताया कि जगह बदलने वाले मतदाताओं में से 2,161 लोगों के नाम इस सुधार अभियान के दौरान फिर से दर्ज कर लिये गये हैं, जबकि 8,571 मतदाताओं (18.45 प्रतिशत) का अब तक कोई पता नहीं चल पाया है। इसके अलावा 329 अन्य मतदाता भी कुछ अलग वजहों से नहीं मिल सके हैं।

इस प्रदेशव्यापी अभियान में 30 मई से कुल 1,301 बूथ स्तर के अधिकारी (बीएलओ) लगे हुए हैं। उम्मीद है कि वे चुनाव आयोग कर ओर से तय की गयी 28 जून की समयसीमा से पहले इस काम को पूरा कर लेंगे।

अधिकारियों ने कहा कि देश के 16 राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों में चलाये जा रहे एसआईआर के तीसरे चरण में मिजोरम सबसे बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों में शामिल है।

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