महराजगंज , मई 18 -- मानसून से पहले तटबंधों की सुरक्षा को चाकचौबंद रखने की कवायद के तहत महराजगंज जिले में हर वर्ष बाढ़ और कटान का कारण बनने वाले जर्जर बंधों को समय रहते दुरुस्त करने के लिए प्रशासन ने विशेष अभियान शुरू किया है। इसी क्रम में 20 अधिकारियों को विभिन्न तटबंधों का निरीक्षण कर रेन कट और रैट होल चिन्हित करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। अधिकारियों को तीन दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। जिले के जर्दी डोमरा और चेहरी तटबंधों समेत कई बंधों पर जगह-जगह रेन कट और रैट होल पाए जाने की शिकायतें लगातार मिल रही हैं। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि हर वर्ष मरम्मत के नाम पर लाखों रुपये खर्च किए जाते हैं, लेकिन बंधों की स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हो पाता। जर्दी गांव निवासी किशुन प्रसाद ने बताया कि तटबंधों पर कई स्थानों पर कटाव और गड्ढे बने हुए हैं। समय रहते इनकी मरम्मत नहीं कराई गई तो बरसात के दौरान बड़े नुकसान की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता।

प्रशासन की ओर से जिन अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है, उनमें उप जिलाधिकारी सदर जितेंद्र कुमार को संवेदनशील जर्दी-डोमरा बांध का निरीक्षण करना है। इसी प्रकार लक्ष्मीपुर रिंग बांध की जांच उप जिलाधिकारी प्रेम शंकर पांडेय, बनरहवा बांध की जांच जिला कृषि अधिकारी शैलेंद्र प्रताप सिंह, अनंतपुर-बड़हरा गांव बांध की जांच तहसीलदार सदर पंकज शाही तथा अमहवा रिंग बांध की जांच नायब तहसीलदार देश दीपक तिवारी करेंगे।

डोमरा रिंग बांध का निरीक्षण बीडीओ मिठौरा राहुल सागर, चेहरी बांध का पीडी रामदरस, भगवानपुर बांध का नायब तहसीलदार विवेक श्रीवास्तव, लेहड़ा बांध का उप जिलाधिकारी फरेंदा शैलेंद्र गौतम तथा नगवा बांध का तहसीलदार फरेंदा वशिष्ठ वर्मा निरीक्षण करेंगे।

इसके अलावा बनदेईया बांध की जांच बीडीओ फरेंदा राजकुमार, बेलसर-रिगौली बांध की जांच बीडीओ बृजमनगंज कृष्णकांत शुक्ला, अराजी सुवाइन-सुबेदारपुर बांध की जांच उप जिलाधिकारी नौतनवा नवीन कुमार, बसूली गाइड बांध की जांच उप जिलाधिकारी निचलौल सिद्धार्थ गुप्ता तथा एसएसबी कैंप रिंग तटबंध की जांच तहसीलदार निचलौल अमित सिंह करेंगे।

रामनगर-ठूठीबारी बांध का निरीक्षण बीडीओ निचलौल संतोष कुमार यादव तथा नारायण-छितौन बांध का निरीक्षण नायब तहसीलदार निचलौल पियूष जायसवाल को सौंपा गया है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि निरीक्षण के दौरान मौके की तस्वीरें भी रिपोर्ट के साथ संलग्न करें, ताकि वास्तविक स्थिति का आकलन किया जा सके।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित