मथुरा , मार्च 15 -- उत्तर प्रदेश पुलिस उपनिरीक्षक नागरिक पुलिस भर्ती परीक्षा में नकल कराने की साजिश रचने वाले एक अंतर्राज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ करते हुये पुलिस ने राया थाना क्षेत्र से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जो अभ्यर्थियों से मोटी रकम लेकर आधुनिक उपकरणों के जरिए परीक्षा पास कराने का लालच दे रहा था।
विशेष कार्यबल मेरठ इकाई के उपनिरीक्षक संजय कुमार को निगरानी और मुखबिर के माध्यम से सूचना मिली थी कि ग्राम हवेली निवासी अनुज कुमार कस्बा राया में अभ्यर्थियों से ठगी करने और परीक्षा में नकल कराने के उद्देश्य से अपने एक साथी से मिलने आने वाला है। सूचना के आधार पर टीम ने बलदेव रोड स्थित रजनी लाइब्रेरी के पास घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में अनुज कुमार ने बताया कि वह गोपाल रावत नामक व्यक्ति के संपर्क में था। यह गिरोह अभ्यर्थियों को परीक्षा पास कराने के नाम पर प्रति अभ्यर्थी 22 लाख रुपये तक की मांग करता था। योजना के तहत पहले तीन लाख रुपये अग्रिम लिए जाते थे। परीक्षा के बाद पांच लाख रुपये के साथ अभ्यर्थियों के मूल शैक्षणिक प्रमाण पत्र, खाली चेक और एक शपथ पत्र भी अपने पास रख लिया जाता था, ताकि बाद में वे मुकर न सकें।
आरोपी ने बताया कि परीक्षा केंद्र पर ब्लूटूथ उपकरण उपलब्ध कराकर बाहर से प्रश्नपत्र हल कराने की योजना बनाई गई थी।
विशेष कार्यबल ने आरोपी के पास से एक स्मार्टफोन बरामद किया है। फोन की जांच में संदेशों के माध्यम से कई महत्वपूर्ण सुराग और लेनदेन से जुड़ी जानकारी मिली है। इसके अलावा विभिन्न अभ्यर्थियों के प्रवेश पत्र और अन्य परीक्षाओं से संबंधित दस्तावेज भी बरामद किए गए हैं।
इस मामले में राया थाना में आरोपी अनुज कुमार, गोपाल रावत और उनके अन्य अज्ञात साथियों के खिलाफ उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अध्यादेश 2024 तथा भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस फरार आरोपी गोपाल रावत की तलाश कर रही है।
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