चंडीगढ़ , जून 25 -- पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने आरोप लगाया है कि करनाल समेत प्रदेश की विभिन्न मंडियों में मक्का की आवक तेज होने के बावजूद अब तक सरकारी खरीद शुरू नहीं की गयी है, जिसके कारण किसानों को अपनी फसल कम कीमत पर बेचने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।

श्री हुड्डा ने कहा कि मक्का का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 2,410 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित है, जबकि किसानों को बाजार में 1,100 से 2,000 रुपये प्रति क्विंटल तक ही भाव मिल रहा है। सरकारी खरीद शुरू न होने के कारण किसान निजी एजेंसियों को फसल बेचने पर मजबूर हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि हर फसली सीजन में सरकार की यही स्थिति रहती है। जब फसल की आवक चरम पर होती है, तब सरकारी खरीद नहीं की जाती, जिससे बाजार में कीमतें गिर जाती हैं और निजी एजेंसियां इसका लाभ उठाती हैं। इसका सीधा नुकसान किसानों को उठाना पड़ता है।

नेता प्रतिपक्ष ने सरकार से तत्काल मक्का की सरकारी खरीद शुरू करने की मांग की। उन्होंने कहा कि जिन किसानों ने मजबूरी में निजी एजेंसियों को कम कीमत पर फसल बेची है, उन्हें हुए नुकसान की भरपाई भी सरकार को करनी चाहिए।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित