नयी दिल्ली , अप्रैल 12 -- भारत ने चीन द्वारा भारतीय स्थानों के काल्पनिक नाम दिए जाने को निराधार कथानक गढ़ने का प्रयास बताते हुए कहा है कि चीन की इस तरह की कार्रवाई द्विपक्षीय संबंधों को स्थिर और सामान्य बनाने के प्रयासों को कमजोर करती हैं।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने चीन द्वारा भारतीय स्थानों को काल्पनिक नाम देने के संबंध में मीडिया प्रश्नों के उत्तर में रविवार को कहा कि अरुणाचल प्रदेश सहित यह सभी हिस्से भारत का अभिन्न अंग थे, हैं और रहेंगे।

उन्होंने कहा, " भारत चीनी पक्ष द्वारा भारत के क्षेत्र में आने वाले स्थानों को काल्पनिक नाम देने के किसी भी शरारतपूर्ण प्रयास को स्पष्ट रूप से अस्वीकार करता है।"उन्होंने कहा कि भारत का मानना है कि चीनी पक्ष की ये कार्रवाई भारत-चीन द्विपक्षीय संबंधों को स्थिर और सामान्य बनाने के प्रयासों को कमजोर करती हैं। चीन को ऐसे कदमों से बचना चाहिए जो संबंधों में नकारात्मकता पैदा करते हैं और बेहतर समझ विकसित करने के प्रयासों को नुकसान पहुँचाते हैं।

प्रवक्ता ने कहा कि चीन द्वारा झूठे दावे प्रस्तुत करने और निराधार कथानक गढ़ने के ऐसे प्रयास उस निर्विवाद वास्तविकता को बदल नहीं सकते कि ये स्थान और क्षेत्र, जिनमें अरुणाचल प्रदेश भी शामिल है, पहले भी, अब भी और हमेशा भारत का अभिन्न और अविभाज्य हिस्सा रहेंगे।

उल्लेखनीय है कि चीन ने एक बार फिर अरुणाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों के नाम बदलने की कोशिश की है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित