बेंगलुरु , सितंबर 12 -- भारतीय जनता पार्टी ने शनिवार को मंत्री सतीश जारकीहोली के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की जांच को लेकर कांग्रेस पर तीखा हमला बोला।

कर्नाटक विधान परिषद में विपक्ष के नेता चलावादी नारायणस्वामी और विधायक सीएन अश्वथ नारायण ने कांग्रेस पर पलटवार करते हुए इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया कि भाजपा राजनीतिक विरोधियों को निशाना बनाने के लिए ईडी, सीबीआई और आयकर विभाग जैसी केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है।उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार की कोई जाति नहीं होती और वित्तीय जांच से बचने के लिए राजनीतिक उत्पीड़न का बहाना नहीं बनाया जा सकता है।

श्री नारायणस्वामी ने कहा कि ये एजेंसियां कांग्रेस शासन के दौरान बनी संवैधानिक संस्थाएं हैं और अपने कानूनी कर्तव्यों का पालन कर रही हैं।

उन्होंने कहा, "सीबीआई, आयकर विभाग और ईडी को भाजपा ने नहीं बनाया है। ये कांग्रेस के समय की संवैधानिक संस्थाएं हैं और वे अपना काम करेंगी।"उन्होंने कहा कि जब भी कांग्रेस नेता जांच के दायरे में आते हैं तो पार्टी सहूलियत के हिसाब से इन संस्थाओं की कार्यप्रणाली पर सवाल नहीं उठा सकती है। भाजपा नेता ने कांग्रेस नेताओं पर जांच को एक वर्ग विशेष के खिलाफ दिखाने के लिए बार-बार दलित कार्ड खेलने का आरोप लगाया और पूछा, "भ्रष्टाचार की कोई जाति नहीं होती। अगर किसी ने भ्रष्टाचार किया है, तो क्या महज जाति के आधार पर उसे बख्श देना चाहिए?"श्री अश्वथ नारायण ने एजेंसी को अपनी जांच पूरी करने देने के बजाय ईडी को जानकारी देने वाले की होड़ में लगे श्री जारकीहोली के रवैये पर सवाल उठाया।

उन्होंने कहा कि ईडी की जिम्मेदारी वित्तीय लेन-देन में जवाबदेही तय करना और संदिग्ध धन शोधन की जांच करना है, भले ही वह धनराशि व्यापार से जुड़ी हो या भ्रष्टाचार से।

उन्होंने कहा, "अगर भ्रष्टाचार हुआ है या धनराशि कारोबार से जुड़ी है, तो ईडी इसकी जांच करेगी। रकम कारोबार की है या भ्रष्टाचार की, एजेंसी इसकी सच्चाई सामने ले आयेगी।" भाजपा विधायक ने कहा कि श्री जारकीहोली ने यह कहकर कम से कम एक जिम्मेदार रुख अपनाया है कि ईडी की कार्रवाई उनके कारोबार से जुड़ी है। उन्होंने हालांकि आरोप लगाया कि बाकी कांग्रेस नेता जांच पूरी होने से पहले ही इसे राजनीतिक और जातिगत दुर्भावना बता रहे हैं।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित