चंडीगढ़ , मई 30 -- हरियाणा के शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा ने कहा है कि डिग्री केवल एक प्रमाण पत्र नहीं, बल्कि छात्राओं की मेहनत, लगन, माता-पिता के त्याग और शिक्षकों के मार्गदर्शन का प्रतीक है।
श्री ढांडा ने शनिवार को कहा कि आज की बेटियां हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं और देश व प्रदेश के विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। चरखी दादरी के महिला महाविद्यालय झोझू कलां के द्वितीय दीक्षांत समारोह में मंत्री ने 650 छात्राओं को स्नातक और स्नातकोत्तर डिग्रियां प्रदान कीं। उन्होंने कहा कि यह संस्थान ग्रामीण क्षेत्र की बेटियों को उच्च शिक्षा देकर महिला सशक्तिकरण की नई मिसाल कायम कर रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य बेटियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है। इसी दिशा में प्रत्येक 20 किलोमीटर के दायरे में एक राजकीय महिला महाविद्यालय स्थापित करने का संकल्प लिया गया है, ताकि किसी भी बेटी की शिक्षा दूरी के कारण प्रभावित न हो। उन्होंने छात्राओं से केवल नौकरी तक सीमित न रहने, बल्कि समाज का नेतृत्व करने का आह्वान किया। साथ ही कहा कि शिक्षा समाज में बदलाव का सबसे प्रभावी माध्यम है और एक शिक्षित बेटी पूरे परिवार तथा समाज को आगे बढ़ाती है।
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