हैदराबाद , फरवरी 15 -- भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के कार्यकारी अध्यक्ष के टी रामाराव ने रविवार को कहा कि राजनीतिक गठबंधनों की परवाह किए बिना सिंगारेनी कार्यकर्ताओं के हितों की रक्षा के लिए उनकी पार्टी संघर्ष जारी रखेगी।
श्री रामाराव ने तेलंगाना भवन में संत सेवालाल महाराज की 287वीं जयंती समारोह में भाग लेने के बाद, सिंगारेनी कोयला खदानों से संबंधित घटनाक्रम, नगरपालिका राजनीति, आदिवासी कल्याण एवं त्योहारों की शुभकामनाओं पर मीडिया से बात की।
उन्होंने कहा कि बीआरएस ने कोथागुडेम में सीपीआई को केवल इसलिए समर्थन दिया ताकि कांग्रेस सिंगारेनी का फायदा न उठा सके और उन्होंने कांग्रेस और भाजपा दोनों पर संगठन के लिए हानिकारक रूप से काम करने का आरोप लगाया।
यह बताते हुए कि सीपीआई और कांग्रेस पहले से ही गठबंधन में हैं, उन्होंने कहा कि एआईटीयूसी द्वारा इस व्यवस्था पर सहमत होने के पीछे के कारणों या दबावों के बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है। उन्होंने कहा कि बीआरएस सिंगारेनी श्रमिकों के अधिकारों के लिए उसी तरह लड़ना जारी रखेगा जैसे उसने पहले किया था।
श्री रामाराव ने पूरे राज्य में लगभग 34 स्थानों पर नगरपालिका चुनावों में गतिरोध की स्थिति पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता पार्षदों को लुभाने, पुलिस के दबाव एवं धमकी सहित जबरदस्ती की रणनीति का सहारा ले रहे हैं।
श्री रामाराव ने सेवालाल महाराज जयंती के भव्य आयोजन पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि तेलंगाना भवन में आयोजित कार्यक्रम आदिवासी आत्मसम्मान के प्रति बीआरएस की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने बीआरएस अध्यक्ष के चंद्रशेखर राव (केसीआर) को "हमारे गांवों में हमारा शासन" के नारे को अमल में लाने और हजारों ग्राम पंचायतों का गठन करके तथा आदिवासी युवाओं को नेतृत्व के अवसर प्रदान करके आदिवासी शासन को मजबूत करने का श्रेय दिया।
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