, Oct. 10 -- मुख्यमंत्री ने केन्द्र सरकार की शिक्षा से संबंधित योजनाओं को पूरी तरह कार्यान्वित करने एवं भारत सरकार द्वारा आवंटित राशि का समयबद्ध एवं शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि योजनाओं का क्रियान्वयन में तेजी से हो, उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग हो तथा निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध ढंग से पूरा करें।मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने कहा कि विक्रमशिला विश्वविद्यालय की पुनस्थापना के लिये 15 जुलाई 2026 को 220 एकड़ जमीन हस्तांतरित कर दी गयी है। उनका आग्रह है कि केन्द्र सरकार इस पर आगे की कार्रवाई जल्द से जल्द करे। उन्होंने कहा कि बिहार में बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के दो केन्द्र खोलने का अनुरोध किया ताकि राज्य के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर मिल सके। इससे राज्य के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने तथा शैक्षणिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने में मदद मिलेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 211 राजकीय डिग्री महाविद्यालय का संचालन किया जा रहा है। इसके आवश्यक आधारभूत संरचनाओं के निर्माण हेतु प्रति महाविद्यालय 25 करोड़ रूपये की दर से कुल 5275 करोड़ रूपये की राशि स्वीकृत करने का हमारा अनुरोध है।

बैठक में उच्च शिक्षा का विस्तार, सरकारी विद्यालयों की आधारभूत संरचना के सुदृढ़ीकरण, शिक्षक प्रशिक्षण व्यवस्था में सुधार तथा केंद्र और राज्य सरकार के बीच बेहतर समन्वय के माध्यम से बिहार की शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता व्यक्त की गई।

बैठक में शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी, उच्च शिक्षा मंत्री संजय सिंह टाइगर, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह, शिक्षा विभाग तथा उच्च शिक्षा विभाग के सचिव राजीव रौशन, शिक्षा विभाग के विशेष सचिव धर्मेन्द्र कुमार सहित भारत सरकार एवं बिहार सरकार के अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।

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