, March 25 -- उपमुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार का बजट छह हजार करोड़ रुपये से बढ़कर लगभग साढ़े तीन लाख करोड़ रुपये हो गया है। उन्होंने बिजली क्षेत्र में सुधार का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले 17 लाख उपभोक्ता थे, जो अब बढ़कर दो करोड़ 16 लाख हो गए हैं। राज्य में 22 से 24 घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है और 125 यूनिट तक मुफ्त बिजली मिलने से लगभग 88 प्रतिशत उपभोक्ताओं का बिल शून्य आ रहा है।

उपमुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार सभी जिलों में उद्योग स्थापित कर रही है, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ें और पलायन पूरी तरह समाप्त हो सके। उन्होंने बताया कि पिछले पांच वर्षों में 50 लाख से अधिक लोगों को नौकरी और रोजगार दिया गया है। अब बुनियादी सुविधाओं के बाद बिहार को उद्योग हब बनाने पर जोर दिया जा रहा है और अगले पांच वर्षों में एक करोड़ लोगों को सरकारी नौकरी और रोजगार देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

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