, Oct. 5 -- मुख्यमंत्री ने राज्य के बड़े तालाबों एवं जलाशयों के चारों तरफ व्यापक स्तर पर पौधारोपण कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि राज्य में पौधारोपण का जो लक्ष्य निर्धारित किया गया है, उसे जल्द से जल्द पूर्ण करायें। राज्य के हरित आवरण क्षेत्र को बढ़ाना है। मुख्यमंत्री ने पहाड़ी एवं पर्वतीय क्षेत्रों में ईको टूरिज्म विकसित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे क्षेत्रों में पर्यावरण अनुकूल चीजों का ही इस्तेमाल किया जाए। बांस, लकड़ी आदि प्राकृतिक सामग्रियों का उपयोग कर पर्यटक सुविधाओं का विकास किया जाए। उन्होंने कहा कि जहां पर्यटकीय दृष्टि से रोप-वे की आवश्यकता है, वहां रोप-वे के निर्माण की दिशा में भी कार्य किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के पहाड़ी क्षेत्रों में सोलराइजेशन कार्य करायें ताकि ग्रीन ऊर्जा को बढ़ावा मिल सके।
मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग को संबद्ध विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के प्राकृतिक संसाधनों एवं पर्यावरण का संरक्षण करते हुए पर्यटन की संभावनाओं को विकसित किया जाए, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिले और पर्यटकों को प्राकृतिक वातावरण में बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।
बैठक में पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री डॉ.रामचन्द्र प्रसाद, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अपर मुख्य सचिव आनंद किशोर, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, प्रधान मुख्य वन संरक्षक अरविंदर सिंह सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित