, June 19 -- विभागीय निर्देशों के अनुसार कांवरिया मार्ग एवं प्रमुख मेला क्षेत्रों में प्रत्येक दो से तीन किलोमीटर की दूरी पर अस्थायी स्वास्थ्य शिविर स्थापित किए जाएंगे, जिससे श्रद्धालुओं को आवश्यकता पड़ने पर तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध हो सके। इन शिविरों में चिकित्सक, एएनएम, पारा मेडिकल कर्मी एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मी तैनात रहेंगे। साथ ही प्राथमिक उपचार, आवश्यक दवाओं एवं चिकित्सा उपकरणों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी।आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के लिए एडवांस लाइफ सपोर्ट एम्बुलेंस एवं बेसिक लाइफ सपोर्ट एम्बुलेंस की पर्याप्त व्यवस्था की जाएगी। सभी जिलों को अस्थायी स्वास्थ्य शिविरों की संख्या, चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों की उपलब्धता, दवाओं के भंडारण तथा एम्बुलेंस सेवाओं से संबंधित अद्यतन जानकारी उपलब्ध कराने एवं विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया गया है।

स्वास्थ्य विभाग ने विशेष रूप से सर्पदंश, जलजनित रोगों एवं अन्य आपातकालीन स्थितियों के उपचार के लिये आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर जोर दिया है। इसके तहत एंटी रेबीज वैक्सीन तथा एंटी स्नेक वेनम सीरम का पर्याप्त भंडारण रखने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे किसी भी आपात स्थिति का प्रभावी ढंग से सामना किया जा सके।

मेले के दौरान श्रद्धालुओं को स्वास्थ्य संबंधी जानकारी एवं जागरूकता संदेश उपलब्ध कराने के लिए व्यापक जन-जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा।

स्वास्थ्य शिविरों एवं प्रमुख मेला स्थलों पर होर्डिंग, बैनर एवं पोस्टर लगाए जाएंगे। इन प्रचार सामग्रियों पर संबंधित चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों के संपर्क नंबर भी अंकित किए जाएंगे, जिससे आवश्यकता पड़ने पर श्रद्धालु आसानी से चिकित्सा सहायता प्राप्त कर सकें।

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