, Sept. 21 -- विमुक्त बाल श्रमिक को तत्काल आर्थिक सहायता के रूप में 3,000 रुपये उसके बैंक खाते में उपलब्ध कराने तथा मुख्यमंत्री राहत कोष से 25,000 रुपये की राशि उसके नाम से फिक्स्ड डिपॉजिट कराने की कार्रवाई भी नियमानुसार की जाएगी। इसके अतिरिक्त शिक्षा, सामाजिक सुरक्षा, स्वास्थ्य सहित संबंधित विभागों के माध्यम से विमुक्त बाल श्रमिक एवं उसके परिवार को पात्रतानुसार विभिन्न सरकारी योजनाओं से आच्छादित कराया जाएगा।जिला प्रशासन द्वारा जिले के सभी प्रतिष्ठानों, दुकानदारों, होटल-रेस्तरां संचालकों एवं अन्य नियोजकों से अपील की गई है कि बाल श्रम को किसी भी परिस्थिति में नियोजित नहीं करें। बाल श्रम बच्चों के शिक्षा, स्वास्थ्य एवं सुरक्षित भविष्य के अधिकार को प्रभावित करता है।
जिला प्रशासन द्वारा बाल श्रम के विरुद्ध अभियान आगे भी लगातार जारी रखा जाएगा तथा बाल श्रमिकों के नियोजन की सूचना प्राप्त होने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कार्रवाई के दौरान श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी, हाजीपुर सदर संजीत कुमार चौधरी, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी, लालगंज प्रमोद कुमार त्रिपाठी, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी, देसरी सुश्री प्रिया आर्या एवं पुलिस पदाधिकारी उपस्थित थे।
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